Uttar Pradesh Heavy Rain:उत्तर प्रदेश में सितंबर के आखिरी दिनों में मौसम ने अचानक करवट ली है। कई इलाकों में लगातार हो रही बारिश और तेज हवाओं से जनजीवन प्रभावित हुआ है। कुछ जिलों में मकान और दीवारें गिरने की घटनाएं सामने आई हैं, जबकि बारिश से जुड़ी घटनाओं में 13 लोगों की मौत की जानकारी सामने आई है। प्रदेश के कई हिस्सों में पिछले करीब 46 घंटे से आंधी और बारिश का दौर बना हुआ है।
बारिश ने बढ़ाई मुसीबत
बारिश की तीव्रता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि कुछ इलाकों में सामान्य से कई गुना ज्यादा पानी बरसा। लगातार बारिश के कारण सड़कें जलमग्न हो गईं और निचले इलाकों में पानी भर गया। कई जगह लोगों को घरों से निकलने में परेशानी हुई। लखनऊ में भी करीब 36 घंटे तक बारिश जारी रही और दिन का तापमान सामान्य से लगभग 10 डिग्री नीचे पहुंच गया।
मकान गिरने से नुकसान
तेज बारिश के साथ चल रही हवाओं ने कच्चे और कमजोर निर्माण वाले मकानों के लिए खतरा बढ़ा दिया है। रिपोर्ट में पांच मकानों के गिरने की जानकारी है। अलग-अलग जिलों में पेड़ और दीवारें गिरने से भी रास्ते प्रभावित हुए हैं। पहले भी बरेली में तेज आंधी के दौरान पेड़ और दीवारें गिरने से लोगों की मौत हुई थी।
59 जिलों में अलर्ट
मौसम की स्थिति को देखते हुए प्रदेश के कई जिलों में अलर्ट जारी किया गया है। लखनऊ, कानपुर, गोरखपुर, मिर्जापुर समेत कई जिलों में बारिश के कारण स्कूल बंद करने के आदेश दिए गए हैं। मौसम विभाग के अनुसार बारिश का असर 27 सितंबर तक बने रहने की संभावना है।
कई जिलों में खतरा
मौसम विभाग ने श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, रामपुर, बरेली, पीलीभीत और शाहजहांपुर में भारी से अति भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है। वहीं बस्ती, सिद्धार्थनगर, गोंडा, बलरामपुर, हरदोई, लखनऊ, बाराबंकी, बिजनौर, अमरोहा, मुरादाबाद, संभल और बदायूं में ऑरेंज अलर्ट है।
27 सितंबर तक बारिश
मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी और आसपास बने मौसम तंत्र के असर से बारिश का दौर आगे भी जारी रह सकता है। पूर्वी यूपी में कई जगह भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है। तेज हवाओं, गरज-चमक और बिजली गिरने का खतरा भी बना हुआ है।








