CM Yogi Action: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से न्याय की एक अभूतपूर्व तस्वीर सामने आई है, जहाँ CM Yogi आदित्यनाथ के ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत एक दिवंगत सैन्य अधिकारी की बेटी को मात्र 24 घंटे के भीतर उसका हक वापस मिल गया। भारतीय सेना के मेजर (दिवंगत) बिपिन चंद्र भट्ट की पुत्री अंजना भट्ट, जो सिजोफ्रेनिया जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रही थीं, के इंदिरा नगर स्थित सात करोड़ रुपये की कीमत वाले मकान पर भूमाफियाओं ने फर्जी दस्तावेजों के सहारे कब्जा कर लिया था।
बुधवार को मुख्यमंत्री से मुलाकात कर अपनी व्यथा सुनाने के बाद, प्रशासन ने बिजली की गति से कार्रवाई की। गुरुवार को पुलिस ने बलवंत यादव और मनोज यादव को गिरफ्तार कर मकान अंजना को सौंप दिया, जिसके बाद भावुक अंजना ने “थैंक्यू योगी अंकल” कहकर आभार जताया।

बीमारी और मजबूरी का फायदा उठाकर हुआ कब्जा
अंजना भट्ट के पिता मेजर बिपिन चंद्र भट्ट के निधन के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा था। भाई और बहन को खोने के बाद अंजना मानसिक स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों (सिजोफ्रेनिया) के कारण 2016 से रिहैब सेंटर में थीं। इसी मजबूरी का फायदा उठाकर चंदौली के दबंगों ने उनके ए-418, इंदिरा नगर स्थित 4500 स्क्वायर फीट के मकान पर कब्जा कर लिया। जब अंजना ने स्थानीय स्तर पर गुहार लगाई, तो उन्हें न्याय नहीं मिला, जिसके बाद उन्हें सीधे मुख्यमंत्री की शरण में जाना पड़ा।

पुलिस और प्रशासन की त्वरित कार्रवाई
CM Yogi के सख्त निर्देशों के बाद गाजीपुर पुलिस और स्थानीय प्रशासन तुरंत हरकत में आया। 24 घंटे के भीतर न केवल घर को कब्जामुक्त कराया गया, बल्कि मुख्य आरोपी बलवंत कुमार यादव और उसके साथी मनोज कुमार यादव को गिरफ्तार कर लिया गया। एसीपी गाजीपुर, अनिंद्य विक्रम सिंह ने बताया कि फर्जी दस्तावेजों के आधार पर धोखाधड़ी करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस मामले में लापरवाही बरतने पर सर्वोदय नगर चौकी इंचार्ज को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।

भावुक क्षण: “योगी अंकल महान हैं”
नए साल के पहले दिन जब अंजना ने अपने घर में पुनः कदम रखा, तो उनकी आँखों से खुशी के आँसू छलक पड़े। घर के हर कमरे और दीवारों को छूते हुए वह बेहद भाव-विह्वल हो गईं। उन्होंने मुख्यमंत्री के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कहा, “योगी अंकल महान हैं, उन्होंने हमें सहारा दिया।” पुलिस अब इस गिरोह के अन्य पांच सदस्यों की तलाश में जुटी है जो लावारिस या विवादित संपत्तियों को निशाना बनाते थे।









