Major Decisions From Seva Teerth: सरकार ने सेवा तीर्थ से कई अहम फैसले लिए हैं, जिनका सीधा फायदा आम जनता, किसानों और महिलाओं को मिलने वाला है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मंजूरी के बाद कई योजनाओं का दायरा बढ़ाया गया है। इनमें PM राहत स्कीम, लखपति दीदी मिशन, कृषि इंफ्रास्ट्रक्चर फंड और स्टार्टअप इंडिया फंड शामिल हैं।
हर नागरिक को सुरक्षा
सरकार ने PM राहत स्कीम शुरू करने की मंजूरी दे दी है। इस योजना का मकसद सड़क हादसों या अन्य दुर्घटनाओं में घायल लोगों को तुरंत इलाज देना है। अब दुर्घटना के शिकार लोगों को 1.5 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज मिलेगा। इससे समय पर इलाज मिलने में मदद होगी और कई लोगों की जान बचाई जा सकेगी।
लखपति दीदी लक्ष्य दोगुना
महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए सरकार ने लखपति दीदी मिशन का लक्ष्य दोगुना कर दिया है। पहले 3 करोड़ लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य था, जिसे अब बढ़ाकर मार्च 2029 तक 6 करोड़ कर दिया गया है। सरकार पहले ही 3 करोड़ महिलाओं को लखपति बनाने का लक्ष्य समय से पहले हासिल कर चुकी है। इस नए लक्ष्य से महिलाओं की कमाई और आत्मनिर्भरता दोनों बढ़ेंगी।
किसानों को बड़ा सहारा
किसानों और खेती से जुड़े काम को मजबूत करने के लिए एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर फंड को बढ़ा दिया गया है। पहले यह फंड 1 लाख करोड़ रुपये था, जिसे अब दोगुना करके 2 लाख करोड़ रुपये कर दिया गया है। इस रकम से कोल्ड स्टोरेज, वेयरहाउस और सप्लाई चेन जैसे ढांचे मजबूत होंगे, जिससे किसानों को अपनी फसल का बेहतर दाम मिल सकेगा।
स्टार्टअप सेक्टर को ताकत
देश में नए आइडिया और तकनीक को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने Startup India फंड ऑफ फंड्स 2.0 को मंजूरी दी है। इसके लिए 10,000 करोड़ रुपये का कॉर्पस रखा गया है। यह फंड खासकर डीप टेक, एडवांस मैन्युफैक्चरिंग और नई तकनीकों पर काम करने वाले स्टार्टअप को मदद देगा।
नए ऑफिस से बेहतर काम
सरकार ने पुराने और बिखरे सरकारी दफ्तरों की समस्या को भी ध्यान में रखा है। कई मंत्रालय सेंट्रल विस्टा क्षेत्र में अलग-अलग इमारतों में काम कर रहे थे, जिससे तालमेल और कामकाज में परेशानी होती थी। नए कॉम्प्लेक्स में सभी सुविधाएं एक जगह मिलेंगी, जिससे काम तेज और आसान होगा।
डिजिटल सुविधाएं बढ़ेंगी
सेवा तीर्थ और कर्तव्य भवन में आधुनिक और डिजिटल ऑफिस बनाए गए हैं। यहां सेंट्रल रिसेप्शन, ऑनलाइन सिस्टम और जनता के लिए खास इंटरफेस जोन तैयार किए गए हैं। इससे सरकारी कामकाज में पारदर्शिता और लोगों की भागीदारी दोनों बढ़ेंगी।

