Lucknow car accident child death:उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से एक बेहद दर्दनाक सड़क हादसे की खबर सामने आई है। मोहनलालगंज कोतवाली क्षेत्र के इमलियाखेड़ा गांव में एक तेज रफ्तार कार ने 8 साल के मासूम बच्चे को कुचल दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना के बाद पूरे इलाके में शोक और गुस्से का माहौल बन गया।
जानकारी के अनुसार, मृतक बच्चे की पहचान अर्जुन पुत्र टिंकल के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि शुक्रवार शाम करीब 4:30 बजे अर्जुन गांव में सड़क किनारे चल रहे भंडारे में प्रसाद लेने जा रहा था। उसी दौरान तेज गति से आ रही एक वैगनआर कार ने उसे जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बच्चा करीब 30 मीटर तक घिसटता चला गया।
हादसे के बाद ग्रामीणों में फूटा गुस्सा
घटना के तुरंत बाद मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने कार को रोक लिया और कार चला रही महिला को पकड़ लिया। लोगों ने बताया कि कार काफी तेज रफ्तार में थी, जिसके कारण बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गया। ग्रामीणों ने तुरंत बच्चे को अस्पताल पहुंचाने की कोशिश की, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उसने दम तोड़ दिया।
मासूम की मौत की खबर मिलते ही गांव में गुस्सा भड़क उठा। आक्रोशित ग्रामीणों ने कार चला रही महिला टीचर और कार में मौजूद अन्य लोगों को करीब तीन घंटे तक बंधक बनाकर रखा। मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और माहौल तनावपूर्ण हो गया।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर संभाला मामला
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझाकर स्थिति को शांत कराया। इसके बाद पुलिस महिला टीचर और उसकी कार को अपने साथ थाने ले गई। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
रायबरेली से लौट रही थी महिला टीचर
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि कार चला रही महिला टीचर रायबरेली के एक स्कूल में पढ़ाती है। वह अपने दो अन्य महिला सहकर्मियों के साथ उसी कार से स्कूल गई थीं और शाम को वापस लौट रही थीं। इसी दौरान मोहनलालगंज क्षेत्र में यह दर्दनाक हादसा हो गया।
परिवार में मचा कोहराम
मासूम अर्जुन की मौत के बाद परिवार में मातम छा गया है। अर्जुन अपने माता-पिता का सबसे छोटा बेटा था। उसके बड़े भाई का नाम करन और बहन का नाम पल्लवी बताया जा रहा है। बेटे की मौत की खबर सुनते ही मां कमलेश का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
घटना के बाद अर्जुन के शव को मोहनलालगंज के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया, जहां परिजनों और ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। इस दौरान दुखी मां कमलेश पुलिसकर्मियों से लिपटकर बिलखती नजर आईं। पूरे गांव में इस दर्दनाक हादसे को लेकर शोक की लहर है।








