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अयोध्या में शुरू हुई 14 कोसी परिक्रमा, आस्था पथ पर उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़, ‘जय श्री राम’ के नारों से गूंजी ‘रामनगरी’

अयोध्या। रामनगरी में राम भक्तों ने मंगलवार देर रात ऐतिहासिक परिक्रमा की शुरूआत की। वहीं परिक्रमा का मुहूर्त मंगलवार रात 12:48 बजे बताया गया था। लेकिन मुहूर्त शुरू होने से पहले रात 10:30 बजे से ही आस्था के पथ पर लाखों पग निकल पड़े। ये परिक्रमा 2 नवंबर की रात 10: 33 तक चलेगी।

इस दौरान भक्ति पथ रामचरित मानस की चौपाइयों, जय श्रीराम, राम-राम और जय सीताराम के नारों से गूंज उठा। वहीं परिक्रमा को ध्यान में रखकर रामनगरी में यातायात डायवर्जन लागू को लागू किया गया है। जिसके चलते अयोध्या में सभी वाहनों के प्रवेश प्रतिबंधित लगाया गया है।

अयोध्या-फैजाबाद ने पहनी भक्तों की माला

आपको बता दें कि 14 कोसी परिक्रमा में रात बढ़ने के साथ ही आस्था के पथ पर राम भक्तों की भीड़ बढ़ती गई। सुबह होने तक भक्तों की कतार बंध गई। ऐसा लग रहा था कि अयोध्या और फैजाबाद को भक्तों की माला पहना दी गई है। श्रद्धालुओं ने परिक्रमा पथ पर अपनी-अपनी सुविधा के अनुसार पहले से निश्चित किए गए स्थान से परिक्रमा के लिए कदम बढ़ाया। श्रद्धालुओं ने देवकाली, जनौरा, अयोध्या, दर्शननगर, भीखापुर, सिविल लाइंस स्थित हनुमान मंदिर, नाका हनुमानगढ़ी, मोदहा, सहादतगंज आदि स्थानों से भक्ति पथ के लिए अपने पग बढ़ाए।

भक्तों की सुविधा के लिए किए ये इंतजाम

भक्तों ने बड़ी संख्या में नयाघाट पर सरयू में डुबकी लगाने के बाद मंदिरों में पूजा की और परिक्रमा मुहूर्त का इंतजार किया। वहीं श्रद्धालुओं की सेवा के लिए परिक्रमा पथ पर जगह-जगह शिविर लगाए गए और जलपान से लेकर चिकित्सा तक पूरे इंतजाम किए गए। सुरक्षा की कमान एटीएस और आरएएफ के हाथ में दी गई। मेले की निगरानी सीसीटीवी और ड्रोन कैमरों से की गई। वहीं पुरी रामनगरी भक्तों के जयकारों से गुंज उठी।

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