JD Vance Home Attack: 5 जनवरी 2026 की सुबह अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के ओहियो स्थित निजी आवास पर हुए हमले ने सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट कर दिया है। सिनसिनाटी के ईस्ट वॉलनट हिल्स इलाके में स्थित उनके घर पर तड़के करीब 12:15 बजे पथराव या किसी अज्ञात वस्तु से हमला किया गया, जिससे घर की कई खिड़कियां टूट गईं। यूएस सीक्रेट सर्विस और स्थानीय पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मौके से एक संदिग्ध को हिरासत में लिया है। राहत की बात यह रही कि हमले के समय JD Vance और उनका परिवार घर पर मौजूद नहीं था। सुरक्षा अधिकारियों के अनुसार, हमलावर घर के भीतर प्रवेश नहीं कर सका। यह हमला वेनेजुएला में अमेरिकी सेना के “ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिजॉल्व” के ठीक दो दिन बाद हुआ है, जिससे इसके प्रतिशोध होने की आशंका जताई जा रही है।
❗️⚠️🇺🇲 – Vice President JD Vance's private residence in Cincinnati, Ohio, was the site of an overnight incident early on Monday, January 5, 2026, prompting a response from Cincinnati police and U.S. Secret Service agents.
Multiple windows at the home in the East Walnut Hills… pic.twitter.com/XCjmA0e5Ip
— 🔥🗞The Informant (@theinformant_x) January 5, 2026
घटना का विस्तृत विवरण
सोमवार तड़के जब पूरा सिनसिनाटी सो रहा था, तब उपराष्ट्रपति JD Vance के घर पर सुरक्षा अलार्म बज उठे। स्थानीय मीडिया द्वारा जारी तस्वीरों में घर की बाहरी खिड़कियों में बड़े छेद और कांच के टुकड़े बिखरे नजर आए।
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सुरक्षा घेरा: हमले के तुरंत बाद सीक्रेट सर्विस ने पूरे इलाके को सील कर दिया। पिछले सप्ताह न्यू ईयर के दौरान भी सुरक्षा कारणों से यहां की सड़कें बंद रखी गई थीं।
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उपराष्ट्रपति की स्थिति: JD Vance रविवार दोपहर को ही सिनसिनाटी से रवाना हो गए थे। उनके कार्यालय ने पुष्टि की है कि वे और उनका परिवार पूरी तरह सुरक्षित हैं।
वेनेजुएला ऑपरेशन और ‘बदले’ की आशंका
विशेषज्ञ इस हमले को 3 जनवरी 2026 को वेनेजुएला में हुई अमेरिकी सैन्य कार्रवाई से जोड़कर देख रहे हैं।
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ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिजॉल्व: अमेरिकी सेना ने काराकास में एयरस्ट्राइक कर राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को गिरफ्तार किया था।
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वेंस की भूमिका: जेडी वेंस इस पूरे मिशन की प्लानिंग में “डीपली इंटीग्रेटेड” थे। उन्होंने फ्लोरिडा में राष्ट्रपति ट्रंप के साथ रणनीति साझा की थी और सुरक्षित वीडियो लिंक के जरिए इस लाइव ऑपरेशन की निगरानी की थी।
जांच और वर्तमान स्थिति
हिरासत में लिए गए संदिग्ध से पूछताछ जारी है, हालांकि अभी तक उसके नाम या किसी संगठन से जुड़ाव का खुलासा नहीं किया गया है। सीक्रेट सर्विस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या यह हमला एक सोची-समझी साजिश थी या किसी व्यक्तिगत असंतोष का परिणाम।
अधिकारी का बयान: “हम उपराष्ट्रपति और उनके परिवार की सुरक्षा को लेकर कोई समझौता नहीं करेंगे। इस घटना के पीछे के उद्देश्यों की गहराई से जांच की जा रही है।”
