UP Panchayat Chunav 2026: निर्वाचन आयोग ने कसी कमर, 28 मार्च को आएगी फाइनल वोटर लिस्ट

यूपी में पंचायत चुनावों की तैयारी तेज हो गई है। निर्वाचन आयोग 28 मार्च को अंतिम मतदाता सूची जारी करेगा। 60 करोड़ मतपत्र जिलों में भेजे जा रहे हैं और मुरादाबाद जैसे जिलों में लाखों डुप्लीकेट वोटरों के नाम काटे जा रहे हैं।

UP Panchayat Election 2026:

UP Panchayat Chunav 2026: उत्तर प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों की आहट तेज हो गई है। राज्य निर्वाचन आयोग ने चुनावी मशीनरी को सक्रिय करते हुए तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। वर्तमान में मतदाता पुनरीक्षण का कार्य युद्ध स्तर पर चल रहा है, जिसके तहत शुरुआती सूची पर प्राप्त आपत्तियों का निस्तारण किया जा रहा है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि 28 मार्च 2026 को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन कर दिया जाएगा। तैयारियों की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि प्रदेश के 75 जिलों में लगभग 60 करोड़ मतपत्र भेजने की प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है। अंतिम सूची जारी होने के तुरंत बाद आयोग उच्चाधिकारियों के साथ बैठक कर चुनावी तारीखों का ऐलान कर सकता है।

डुप्लीकेट वोटरों पर गिरेगी गाज

इस बार के UP Panchayat Chunav 2026 को पारदर्शी बनाने के लिए निर्वाचन आयोग ‘एक व्यक्ति, एक वोट’ के सिद्धांत पर सख्ती से काम कर रहा है। डेटा मिलान के दौरान बड़ी संख्या में ऐसे मतदाता मिले हैं, जिनके नाम दो अलग-अलग बूथों या क्षेत्रों में दर्ज हैं। अकेले मुरादाबाद जनपद में लगभग 4.50 लाख संभावित डुप्लीकेट मतदाता चिह्नित किए गए हैं।

प्रशासन अब इन नामों का भौतिक सत्यापन करवा रहा है ताकि फर्जी मतदान की गुंजाइश खत्म की जा सके। मतदाता सूची के ड्राफ्ट पब्लिकेशन के अनुसार, मुरादाबाद में कुल 14.91 लाख मतदाता हैं, जिनमें इस बार 2.28 लाख नए नाम जुड़े हैं, जबकि 2.11 लाख नाम काटे जा चुके हैं।

ओबीसी आरक्षण और कानूनी पेच

UP Panchayat Chunav 2026 की राह में पिछड़ा वर्ग (OBC) आयोग का गठन एक महत्वपूर्ण पड़ाव है। इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच इस मामले में सक्रिय है। कोर्ट ने पिछड़ा वर्ग आयोग की गठन प्रक्रिया पूरी करने से जुड़ी एक जनहित याचिका (PIL) पर 4 फरवरी को सुनवाई मुकर्रर की है। इस सुनवाई के नतीजों का सीधा असर सीटों के आरक्षण निर्धारण पर पड़ेगा। सरकार और आयोग की कोशिश है कि कानूनी बाधाओं को समय रहते दूर कर लिया जाए ताकि चुनाव प्रक्रिया में कोई विलंब न हो।

चुनावी तैयारियों का खाका

  • मतपत्रों का वितरण: सभी 75 जिलों में मतपत्रों की खेप पहुंचना शुरू।

  • अंतिम मतदाता सूची: 28 मार्च को होगा प्रकाशन।

  • तारीखों का निर्णय: मार्च के अंतिम सप्ताह या अप्रैल के प्रथम सप्ताह में संभव।

  • प्रशासनिक मुस्तैदी: डुप्लीकेट नामों को हटाने के लिए डोर-टू-डोर वेरिफिकेशन।

निर्वाचन आयोग की इन सक्रिय गतिविधियों को देखकर साफ है कि जल्द ही प्रदेश में चुनावी बिगुल बजने वाला है। ग्रामीण क्षेत्रों में संभावित उम्मीदवारों ने भी अपनी सक्रियता बढ़ा दी है।

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