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जोहान्सबर्ग में G20 समिट के लिए पहुँचे मोदी, रेड कार्पेट और सांस्कृतिक प्रस्तुति के साथ हुआ स्वागत

PM  मोदी का जोहान्सबर्ग में स्वागतG20 शिखर सम्मेलन 2025:  G20 नेताओं के शिखर सम्मेलन के लिए शुक्रवार को दक्षिण अफ्रीका पहुँचने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का गर्मजोशी से स्वागत किया गया। हवाई अड्डे पर एक सांस्कृतिक समूह ने प्रस्तुति दी और उसके सदस्यों ने सम्मान स्वरूप उन्हें प्रणाम किया। नरेंद्र मोदी जी जोहान्सबर्ग पहुंच चुके हैं और G20 लीडर्स समिट में हिस्सा लेने जा रहे हैं। एयरपोर्ट पर उनका बहुत बढ़िया स्वागत हुआ — दक्षिण अफ्रीकी वायु सेना ने रेड कार्पेट बिछाया और सांस्कृतिक प्रस्तुति हुई।स्वागत के दौरान कुछ स्थानीय लोगों ने रनवे पर लेटकर PM मोदी जी का अभिनंदन किया। मोदी जी भी झुककर लोगों को नमस्कार करते दिखे।

मोदी जी ने सोशल मीडिया पर लिखा कि वे “उपयोगी चर्चाओं” की उम्मीद करते हैं — उनका फोकस ग्लोबल सहयोग, विकास प्राथमिकताओं और एक बेहतर भविष्य पर है। उन्होंने स्थानीय भारतीय डायस्पोरा से भी मुलाकात की और उद्यमियों के साथ बातचीत की। मोदी जी की यात्रा का एक अहम हिस्सा IBSA (भारत-ब्राजील-दक्षिण अफ्रीका) तीन-तरफ़ा बैठक भी है।इस समिट को लेकर सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी है,  लगभग 3,500 अतिरिक्त पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं और सेना को भी स्टैंडबाय पर रखा गया है। Summit के तीन मुख्य सत्रों में मोदी हिस्सा लेंगे: (1) समावेशी और सतत आर्थिक विकास, (2) आपदा जोखिम व जलवायु परिवर्तन, (3) निष्पक्ष भविष्य और कृत्रिम बुद्धिमत्ता।

यह प्रधानमंत्री मोदी जी की दक्षिण अफ्रीका की चौथी आधिकारिक यात्रा है। इससे पहले उन्होंने 2018 और 2023 में BRICS शिखर सम्मेलनों के लिए और उससे पहले 2016 में द्विपक्षीय यात्रा के लिए दक्षिण अफ्रीका का दौरा किया था। इस वर्ष का G20  इसलिए भी उल्लेखनीय है क्योंकि यह इंडोनेशिया, भारत और ब्राज़ील के बाद ग्लोबल साउथ में आयोजित लगातार चौथा शिखर सम्मेलन है। ब्राज़ील (2024), भारत (2023) और इंडोनेशिया (2022) के बाद दक्षिण अफ्रीका ने 2025 के लिए अध्यक्षता संभाली है।

G 20 के नेता इस सप्ताह जोहान्सबर्ग में एकत्रित हो रहे हैं, लेकिन पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा शिखर सम्मेलन का बहिष्कार करने की घोषणा के बाद, संयुक्त राज्य अमेरिका का कोई प्रतिनिधित्व नहीं होगा। उन्होंने यह घोषणा अपने विवादास्पद — और व्यापक रूप से विवादित — दावों को दोहराते हुए की कि दक्षिण अफ्रीका अपनी श्वेत अफ़्रीकी आबादी के साथ भेदभाव कर रहा है।

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