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भारत को मिल गया शोएब अख्तर से भी ज्यादा खूंखार गेंदबाज, बॉल नहीं ‘मिसाइल’ छोड़ता है ये 17 साल का लड़का

नई दिल्ली ऑनलाइन डेस्क। एक वक्त ऐसा भी था जब भारतीय टीम के पास स्पीड के सौदागर कम थे। कपिल देव, श्रीनाथ स्विंग के महारथी थी। ज़हीर खान, आशीष नेहरा, आरपी सिंह, भूवनेश्वर कुमार, जसप्रीत बुमराह, मोहम्मद शमी और मोहम्मद सिराज की स्पीड भी 135 से लेकर 140 के बीच रही। लेकिन अब समय के साथ-साथ स्थिति बदली है। टीम इंडिया के पास उमरान मलिक और मयंक यादव जैसे तूफानी गेंदबाज हैं, जो अपनी तेजी से पूरी दुनिया को आश्चर्यचकित कर रहे हैं। इसी कड़ी में अब एक नया नाम जुड़ गया है आरडी प्रणव राघवेंद्र का, जो महज 17 साल की उम्र में 150 किमी प्रतिघंटे से अधिक की स्पीड से बॉल डालकर टीम इंडिया के शोएब अंख्तर बनकर उभरे हैं।

दाएं हाथ के तेज गेंदबाज आरडी प्रणव राघवेंद्र इनदिनों सोशल मीडिया पर छाए हुए हैं। बताया जा रहा है कि प्रणव लगातार 145 से 150 किलोमीटर प्रति घंटे की स्पीड से गेंद डालने में माहिर हैं। बेहद कम उम्र में ही युवा सनसनी ने एक बड़ी उपलब्धि भी अपने नाम कर ली है। वह भारतीय अंडर-19 स्तर पर 147.3 किलोमीटर प्रति घंटे की स्पीड से गेंद डालने वाले पहले खिलाड़ी भी बन गए हैं। लोगों को उनसे काफी उम्मीदें जुड़ गई है। यही नहीं कुछ लोग तो यह भी कयास लगा रहे हैं कि अगर वह ऐसे ही गेंदबाजी करते रहे तो एक दिन वह शोएब अख्तर के करिश्माई रिकॉर्ड को भी तोड़ देंगे। लोगों को उम्मीद है कि प्रणव का जलवा जल्द ही आईपीएल में देखने को मिलेगा।

तमिलनाडु के वेल्लोर में जन्मे प्रणव शुरू में एक एथलीट बनना चाहते थे और स्प्रिंटिंग में हिस्सा लेते थे। उनका स्वभाव शांत रहा। माता-पिता की इच्छा के कारण उन्होंने एक अन्य खेल चुना जोकि क्रिकेट था। उनकी प्रतिभा तब सामने आई जब उन्होंने 16 साल की उम्र में एमआरएफ पेस फाउंडेशन में ऑस्ट्रेलिया के दिग्गज तेज गेंदबाज ग्लेन मैकग्राथ के मार्गदर्शन में 139 किमी प्रति घंटे की रफ्तार दर्ज की। मैकग्राथ भी उनकी गति और संभावनाओं से प्रभावित हुए। प्रणव का सपना कई अन्य तेज गेंदबाजों की तरह शोएब अख्तर के 161.3 किमी प्रति घंटे के सबसे तेज गेंद के रिकॉर्ड को तोड़ना या उसका मुकाबला करना है। उनकी प्रतिभा और मेहनत को देखते हुए, वह भारतीय क्रिकेट में एक बड़ा नाम बनने की राह पर हैं।

प्रणव ने नेट पर 155 की स्पीड से बॉलिंग कर चुके हैं। वह 6 गेंदे 150 से अधिक की रफ्तार से फेंक सकते हैं और उन्होंने नेट पर ऐसा कईबार करके भी दिखाया है। प्रणव ने तमिलनाडु के लिए 2024 में असम और रेलवेज के खिलाफ दो प्रथम श्रेणी मैच खेले, जिसमें उन्होंने दो विकेट लिए। वह वर्तमान में तमिलनाडु प्रीमियर लीग में आईड्रीम तिरुप्पुर तमिझंस के लिए खेल रहे हैं। प्रणव भारत की अंडर-19 टीम का हिस्सा हैं और इंग्लैंड के आगामी मल्टी-फॉर्मेट दौरे के लिए तैयार हैं। प्रणव ने अपनी हालिया उपलब्धि पर कहा कि मुझे गति से प्यार है और मैं तेज गेंदबाजी करना चाहता हूं। बल्लेबाजों को बाउंसर से डराना और हार्ड लेंथ से उनके दस्तानों को निशाना बनाना शानदार लगता है। लेकिन इसके लिए मुझे सटीकता सहित कई पहलुओं पर काम करना होगा।

प्रणव ने कहा, मैं स्पीड गन पर ज्यादा ध्यान नहीं देता। उन्होंने आगे कहा कि तेज गेंदबाजी के लिए फिटनेस मेरी प्राथमिकता है। स्किल ट्रेनिंग, फिटनेस ड्रिल्स और रिकवरी सभी जरूरी हैं। अगर मुझे अगले साल अंडर-19 विश्व कप और उससे आगे जाना है, तो ये सब अनिवार्य है। मैं अपनी फिटनेस पर ध्यान दे रहा हूं। एमआरएफ पेस फाउंडेशन के मुख्य कोच एम सेंथिलनाथन ने प्रणव के बारे में कहा, जब मैंने पहली बार उन्हें देखा, तो वे 130 (किमी प्रति घंटे) में गेंदबाजी कर रहे थे। सिर्फ दो साल में वे लगातार 135-145 किमी प्रति घंटे के बीच गेंदबाजी कर रहे हैं। गति हमेशा से उनकी ताकत रही है। वे पहले से ही बहुत तेज हैं। हमें उन्हें संभालना होगा। प्रणव ने तमिलनाडु के लिए असम और रेलवे के खिलाफ 2024 में 2 प्रथम श्रेणी मैच खेले हैं।

 

 

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