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Mumbai Dubai Air India फ्लाइट बनी यात्रियों के लिए मुसीबत, क्यों बिना एयर कंडीशनिंग घंटों बंधक बनाए रखा

Air India flight delay and passenger suffering

Passengers suffer in Air India flight 26 जनवरी को एयर इंडिया की मुंबई से दुबई जाने वाली फ्लाइट AI-909 में यात्रियों को ऐसी स्थिति का सामना करना पड़ा, जिसे वे शायद कभी नहीं भूल पाएंगे। विमान में तकनीकी खराबी के चलते यात्रियों को पांच घंटे तक विमान के अंदर बंद रखा गया। इस दौरान एयर कंडीशनिंग भी बंद रही, जिससे यात्रियों को घुटन और पैनिक अटैक का सामना करना पड़ा।

सुबह की फ्लाइट, शाम को पहुंची दुबई

ये फ्लाइट सुबह 8:25 बजे मुंबई से उड़ान भरने वाली थी। यात्री समय पर बोर्डिंग कर चुके थे, लेकिन विमान में आई तकनीकी समस्या के कारण उड़ान में देरी हो गई। इस बीच, यात्रियों को विमान से बाहर नहीं निकाला गया। एयर कंडीशनिंग बंद होने से केबिन के अंदर का माहौल बेहद खराब हो गया। आखिरकार, फ्लाइट ने शाम 5:10 बजे उड़ान भरी और दुबई में 6:29 बजे (जीएसटी) लैंड की।

यात्रियों ने बताई परेशानी

घटना के दौरान केबिन में तापमान बढ़ने लगा और हवा की कमी से कई यात्रियों को सांस लेने में दिक्कत हुई। घुटन के कारण कुछ यात्री दरवाजे पीटने और गेट खोलने की मांग करने लगे। सोशल मीडिया पर पोस्ट किए गए वीडियो में लोग केबिन क्रू पर चिल्लाते नजर आए।

एक यात्री ने सोशल मीडिया पर लिखा, बिना एयर कंडीशनिंग के हमें पांच घंटे तक बंद रखा गया। बच्चों और बुजुर्गों को सबसे ज्यादा दिक्कत हुई। किसी ने हमारी मदद नहीं की।

सोशल मीडिया पर नाराजगी

घटना के बाद सोशल मीडिया पर यात्रियों ने एयर इंडिया को जमकर कोसा। कई लोगों ने इसे निराशाजनक अनुभव करार दिया। एक यात्री ने लिखा, टाटा ग्रुप जैसी प्रतिष्ठित कंपनी से ऐसी उम्मीद नहीं थी। ये बहुत ही बुरा अनुभव था।

कैप्टन की निष्क्रियता पर सवाल

यात्रियों ने आरोप लगाया कि इस स्थिति में फ्लाइट के कैप्टन ने कोई सक्रिय भूमिका नहीं निभाई। उन्होंने यात्रियों से बात तक नहीं की, जिससे लोगों की नाराजगी और बढ़ गई।

एयर इंडिया की चुप्पी

अब तक एयर इंडिया ने इस घटना पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है।

सेवाओं पर सवाल

इस घटना ने यात्रियों को परेशान कर दिया और एयर इंडिया की सेवाओं पर सवाल खड़े कर दिए। यात्रियों का कहना है कि इस तरह की स्थिति में फ्लाइट क्रू और अधिकारियों को यात्रियों की मदद के लिए आगे आना चाहिए था।

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