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‘शबनम’ ने कहा ‘सॉरी’ तो आर्यन ने निकाल लिया तमंचा, सिरफिरे आशिक ने नाबालिग को गोलियों से भून डाला

नई दिल्ली ऑनलाइन डेस्क। देश की राजधानी का जहांगीरपुरी इलाका अचानक गोलियों की आवाज से दहल उठा। यहां एक क्लीनिक में 15 साल की नाबालिग लड़की को मोहल्ले के लड़के ने गोलियों से भून डाला। सिरफिर से लड़की के शरीर पर एक नहीं बल्कि चार गोलियां मारी। जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गया। बताया जा रहा है कि आरोपी लड़की से एकतरफा प्यार करता था। लड़की ने उसे अपनाने से इंकार तो शातिर ने खौफनाक कदम उठा लिया।

15 साल की मासूम शबनम (काल्पनिक नाम), अपनी सहेली के साथ एक सामान्य सी दवाई लेने डॉक्टर के क्लीनिक पर गई थी। लेकिन उसे क्या पता था कि उसकी जिंदगी की आखिरी दवा होगी, जो वो कभी खा नहीं पाएगी। वो डॉक्टर के सामने बैठी थी। जैसे ही डॉक्टर कुछ पूछने ही वाला था, तभी क्लीनिक का दरवाजा जोर से खुला और 20 साल का आर्यन नामक एक युवक अंदर दाखिल हुआ। उसके हाथ में तमंचा था और आंखों में जुनून। उसके चेहरे पर गुस्सा साफ देखा जा सकता था।

इससे पहले डॉक्टर कुछ समझ पाता, 20 साल के आर्यन ने शबनम पर बिना कुछ कहे एक बाद एक चार गोलियां फायर कर दीं। पहली गोली उसके कंधे में लगी, दूसरी पेट में, और बाकी दो सीने में। नेहा वहीं गिर पड़ी। उसकी सहेली चीखती रही, लेकिन कोई मदद के लिए नहीं आया। शबनम के सीने में पीतल उतार कर आर्यन वहां से चुपचाप भाग निकला। कुछ देर बाद क्लीनिक पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। किसी ने पुलिस को फोन किया। इसके बाद जहांगीरपुरी थाना पुलिस मौके पर पहुंची।

खून से लथपथ शबनम को बाबू जगजीवन राम अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। तब नेहा के घरवाले भी वहां पहुंच चुके थे। उसके परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। पुलिस ने मामले की छानबीन शुरू की। पुलिस जांच में पता चला कि आर्यन, नेहा का पुराना परिचित था। दोनों कुछ समय पहले दोस्त बने थे। पर जैसे-जैसे शबनम ने उससे दूरी बनानी शुरू की, आर्यन का पागलपन बढ़ता गया। परिजनों का कहना था कि वो लड़की को लंबे समय से परेशान कर रहा था।

लड़की के परिवारवालों ने बताया कि आर्यन बेटी को डराता था, उसका पीछा करता था और उसे धमकियां देता। शबनम ने कई बार उसे नजरअंदाज किया, लेकिन आर्यन ने ठान लिया था या तो वो, या फिर मौत। जब शबनम नेेेेे आर्यन को अपनाने से इंकार किया तो उसने लड़की को मारने का प्लान बनाया। आर्यन ने लड़की की रेकी करनी शुरू कर दी। जब लड़की घर से निकली तो वह पीछा करते हुए क्लीनिक तक पहुंच गया। डॉक्टर और सहेली के सामने उसे गोलियों से भून डाला।

लड़की और आर्यन दोनों दो अलग-अलग समुदाय से थे। कत्ल के बाद पूरे डी-ब्लॉक में तनाव का माहौल बन गया। यही वजह थी कि पुलिस को वहां बड़ी संख्या में फोर्स तैनात करनी पड़ी। किसी भी प्रकार की सांप्रदायिक घटना को रोकने के लिए आला अधिकारी, क्राइम ब्रांच और फॉरेंसिक टीमें मौके पर डेरा डाले हुए हैं। पुलिस की छानबीन जारी है। आर्यन को तलाश किया जा रहा है।

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