Rich Beggars of Indore: क्या आपने कभी सोचा है कि हाथ फैलाने वाले लोग भी भीख से करोड़पति बनकर लग्ज़री जिंदगी जी सकते हैं? मध्य प्रदेश के इंदौर में पकड़े गए भिखारी मांगीलाल की कहानी इन दिनों पूरे देश में चर्चा का विषय बनी हुई है। वजह साफ है, मांगीलाल कोई साधारण भिखारी नहीं, बल्कि भीख मांगकर करोड़ों की संपत्ति बनाने वाला व्यक्ति निकला। उसकी कमाई इतनी ज्यादा है कि वह सराफा बाजार के व्यापारियों को ब्याज पर पैसे देता है।
हालांकि, मांगीलाल इंदौर का अकेला अमीर भिखारी नहीं है। इस शहर में ऐसे कई लखपति और करोड़पति भिखारी हैं, जिनकी कमाई और जीवनशैली जानकर अच्छे-अच्छे लोग हैरान रह जाते हैं। बीते कुछ वर्षों में प्रशासन की कार्रवाई के दौरान इनके कई चौंकाने वाले किस्से सामने आए हैं।
भीख से करोड़पति बना मांगीलाल
इंदौर को भिखारी मुक्त बनाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के दौरान प्रशासन ने मांगीलाल को पकड़ा। जांच में पता चला कि उसके पास शहर में दो जगह पक्के मकान हैं। इसके अलावा एक कार और दो ऑटो भी उसके नाम पर हैं। कार चलाने के लिए उसने ड्राइवर तक रखा हुआ है।
मांगीलाल खुद सरकार की ओर से मिले मकान में रहता है, जबकि उसके दोनों निजी मकान किराए पर दिए गए हैं। ऑटो भी भाड़े पर चलते हैं। सबसे हैरानी की बात यह है कि भीख से जमा किए गए पैसों को वह सराफा व्यापारियों को ब्याज पर देता है। इससे उसकी नियमित आमदनी होती है।
होटल में रात, सड़क पर दिन की कमाई
इंदौर को मिनी मुंबई कहा जाता है और यहां की अर्थव्यवस्था काफी मजबूत मानी जाती है। शायद यही वजह है कि यहां भीख मांगना भी एक तरह का प्रोफेशन बन गया है। अक्टूबर 2024 में प्रशासन ने 22 ऐसे भिखारियों को पकड़ा था, जो दिन में भीख मांगते थे और रात को होटलों में ठहरते थे।
इनमें से कई भिखारी पूरे परिवार के साथ इस काम में लगे थे। पकड़े गए लोगों में 11 नाबालिग बच्चे भी शामिल थे। ये सभी राजस्थान से आए थे और सिर्फ भीख मांगने के लिए इंदौर में रहते थे। बाद में प्रशासन ने इन्हें वापस भेज दिया।
सरकारी नौकरी से ज्यादा कमाई
एक महिला भिखारी को पकड़ा गया, जिसके पास 75 हजार रुपए नकद मिले। पूछताछ में पता चला कि यह उसकी एक हफ्ते की कमाई थी। इस हिसाब से उसकी मासिक कमाई करीब तीन लाख रुपए बैठती है, जो कई सरकारी कर्मचारियों की सैलरी से ज्यादा है।
मकान, प्लॉट और स्मार्टफोन
फरवरी 2024 में इंद्रा नाम की महिला भिखारी का मामला सामने आया था। उसके पास दो मंजिला मकान, प्लॉट, बाइक और 20 हजार रुपए का स्मार्टफोन था। उसने बताया कि उसने सिर्फ 45 दिनों में ढाई लाख रुपए कमा लिए थे।
दूसरे राज्यों से भी आते हैं भिखारी
एक भिखारी आंध्र प्रदेश के कुरनूल से इंदौर भीख मांगने आता पकड़ा गया। उसके पास 20 हजार रुपए नकद और ट्रेन का रिजर्वेशन मिला। जांच में साफ हुआ कि वह खासतौर पर भीख मांगने के लिए इंदौर आता था।
इंदौर ही नहीं, दूसरे शहरों में भी कहानी वही
उज्जैन, भोपाल और इंदौर जैसे शहरों में भी कई अमीर भिखारी सामने आ चुके हैं। कहीं करोड़ों की एफडी, कहीं मकान और जमीन, तो कहीं सोना-चांदी। इन मामलों से साफ है कि भीख अब मजबूरी नहीं, बल्कि कई लोगों के लिए फायदे का धंधा बन चुकी है।


