Vehicle Rules 2026: ड्राइविंग लाइसेंस से लेकर चालान तक बदले कई नियम, क्या वाहन चालकों पर पड़ेगा सीधा असर

15 अगस्त 2026 से वाहन चालकों और मालिकों से जुड़े कई नियमों में बदलाव लागू होने की बात सामने आई है। ड्राइविंग लाइसेंस की वैधता, वाहन पंजीकरण, बीमा, ट्रैफिक उल्लंघन और ओवरलोडिंग से जुड़े प्रावधानों में बदलाव किए गए हैं। कुछ मामलों में पहली गलती पर चेतावनी, जबकि दोबारा उल्लंघन पर जुर्माने का प्रावधान है।

Vehicle Rules 2026: संशोधित व्यवस्था के अनुसार, ड्राइविंग लाइसेंस की वैधता समाप्त होने के बाद भी 30 दिनों तक उसे प्रभावी माना जाएगा। लाइसेंस धारक इसकी वैधता खत्म होने से एक साल पहले तक नवीनीकरण के लिए आवेदन कर सकेंगे। हालांकि नवीनीकरण की प्रभावी तारीख पुराने लाइसेंस की अवधि समाप्त होने के बाद ही मानी जाएगी।

पहली गलती पर चेतावनी

कुछ सामान्य ट्रैफिक नियमों के पहली बार उल्लंघन पर सीधे जुर्माना लगाने के बजाय चेतावनी देने का प्रावधान किया गया है। दोबारा गलती करने पर 500 से 1,500 रुपये तक जुर्माना लगाया जा सकता है। हॉर्न और साइलेंसर से जुड़े उल्लंघनों पर भी पहली बार चेतावनी और दोबारा गलती पर 1,000 से 2,000 रुपये तक जुर्माने की व्यवस्था बताई गई है।

बिना बीमा वाहन चलाना पड़ेगा महंगा

बिना बीमा वाहन चलाने वालों पर भी सख्ती बढ़ाई गई है। पहली बार पकड़े जाने पर बीमा की मूल प्रीमियम राशि के तीन गुना और दोबारा उल्लंघन पर पांच गुना तक पेनाल्टी का प्रावधान बताया गया है।

खराब सड़क पर हादसे की जिम्मेदारी तय

यदि सड़क की खराब स्थिति के कारण दुर्घटना में किसी व्यक्ति की मौत या दिव्यांगता होती है, तो संबंधित कार्यदायी संस्था और ठेकेदार की जवाबदेही तय की जा सकती है। ऐसे मामलों में 50 लाख रुपये तक जुर्माने का प्रावधान बताया गया है।

ओवरलोडिंग का मामला कोर्ट में

ओवरलोड वाहनों का चालान तो प्रवर्तन अधिकारी कर सकेंगे, लेकिन मौके पर जुर्माना वसूलने का अधिकार नहीं रहेगा। ऐसे मामलों का निस्तारण न्यायालय के माध्यम से किया जाएगा।

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