Nikola Tesla Mystery: यह किसी फिल्म की कहानी नहीं, बल्कि दुनिया के सबसे महान और रहस्यमयी वैज्ञानिक Nikola Tesla की असली कहानी है। 7 जनवरी 1943 की रात न्यूयॉर्क के Hotel New Yorker के कमरा नंबर 3327 में उन्होंने आखिरी सांस ली। 86 साल की उम्र में उनकी मौत ने न सिर्फ एक युग का अंत किया, बल्कि कई ऐसे सवाल छोड़ दिए, जिनके जवाब आज भी साफ नहीं हैं।
अकेलापन और आखिरी दिन
अपने जीवन के अंतिम दिनों में टेस्ला काफी अकेले हो गए थे। वह ज्यादातर समय कबूतरों को दाना खिलाने और अपने कमरे में रिसर्च करने में बिताते थे। उसी दौरान दुनिया World War II की आग में जल रही थी और टेस्ला एक खास तकनीक को लेकर चर्चा में थे।
‘डेथ रे’ का डर
टेस्ला अक्सर “टेलीफोर्स” नाम के एक शक्तिशाली हथियार की बात करते थे। मीडिया ने इसे “डेथ रे” यानी मौत की किरण कहा। कहा जाता है कि यह एक ऐसा बीम हथियार हो सकता था, जो दुश्मनों को दूर से खत्म कर दे। इस दावे ने सरकार की चिंता बढ़ा दी थी, क्योंकि अगर यह तकनीक गलत हाथों में जाती, तो बड़ा खतरा हो सकता था।
सरकार ने जब्त किए दस्तावेज
टेस्ला की मौत के तुरंत बाद अमेरिकी सरकार के Office of Alien Property Custodian ने उनके सभी सामान और रिसर्च पेपर्स अपने कब्जे में ले लिए। कई लोग मानते हैं कि FBI ने यह कार्रवाई की, लेकिन रिकॉर्ड बताते हैं कि उनकी सीधी भूमिका नहीं थी।
वैज्ञानिक जांच का नतीजा
टेस्ला के दस्तावेजों की जांच के लिए John G. Trump को जिम्मेदारी दी गई। उन्होंने अपनी रिपोर्ट में कहा कि टेस्ला के कई विचार पूरी तरह व्यावहारिक नहीं थे और उनसे कोई काम करने वाला हथियार बन पाना मुश्किल था। हालांकि इस निष्कर्ष से हर कोई सहमत नहीं है।
गायब फाइलों का सवाल
बाद में टेस्ला के कुछ दस्तावेज उनके परिवार को लौटा दिए गए, जो अब बेलग्रेड के संग्रहालय में सुरक्षित हैं। लेकिन कई शोधकर्ताओं का दावा है कि जब्त किए गए और लौटाए गए सामान में अंतर था। यही कारण है कि आज भी यह सवाल उठता है कि क्या कुछ फाइलें अब भी कहीं छुपाकर रखी गई हैं।
आधुनिक दुनिया में टेस्ला की विरासत
भले ही “डेथ रे” को लेकर विवाद हो, लेकिन टेस्ला के असली आविष्कारों ने दुनिया बदल दी। अल्टरनेटिंग करंट (AC), इलेक्ट्रिक मोटर और ट्रांसफॉर्मर जैसी तकनीकों ने आज की आधुनिक दुनिया को रोशन किया है। यहां तक कि Tesla, Inc. जैसी कंपनियां भी उनके नाम से प्रेरित हैं।
अधूरी खोजें और बढ़ती जिज्ञासा
टेस्ला के कई विचार आज भी वैज्ञानिकों को प्रेरित करते हैं। वायरलेस बिजली और फ्री एनर्जी जैसे कॉन्सेप्ट पर रिसर्च जारी है। उनकी जिंदगी यह दिखाती है कि कुछ सवाल समय के साथ और गहरे होते जाते हैं।
