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Sameer mahaseth: बिहार के उद्योग मंत्री समीर महासेठ के कई ठिकानों पर आयकर विभाग की रेड, समीर सेठ की बढ़ी मुश्किलें

Bihar News: बिहार के उद्योग मंत्री समीर महासेठ के घर इनकम टैक्स का छापा पड़ा है। आयकर विभाग की 25 सदस्यीय टीम पटना में उद्योग मंत्री समीर महासेठ के घर और दफ्तर पर रेड डाली है। सुबह 7 बजे ही आयकर विभाग की टीम ने सुमीर कुमार महासेठ के आवास पर दबिश दे दी। छापेमारी में इनकम टैक्स की पटना टीम को शामिल नहीं किया गया है। ये छापेमारी झारखंड से आयी टीम द्वारा की जा रही है। छापेमारी में क्या मिला, अभी तक इसकी कोई डिटेल सामने नहीं आई हैं, लेकिन इसको लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी शुरु हो गई है।

समीर महासेठ की बात की जाए तो वो दूसरी बार मधुबनी विधानसभा क्षेत्र से विधायक हैं। महागठबंधन सरकार में पहली बार मंत्री बने हैं और इन्हें उद्योग विभाग का जिम्मा दिया गया है। समीर महासेठ वैश्य समाज से आते हैं और इनका कारोबार पटना में है। समीर महासेठ का राजनीति से भी संबंध रहा है। इनके पिता भी विधायक और मंत्री रह चुके हैं।

सीबीआई ने इस कारण मारा छापा

जिस दिन बिहार में महागठबंधन की सरकार बन रही थी। उस दिन लालू प्रसाद के डेढ़ दर्जन से ज्यादा करीबियों के यहां सीबीआई की छापेमारी हुई थी, जिसमें लालू परिवार के बेहद करीबी माने जाने वाले एमएलसी सुनील कुमार सिंह भी शामिल थे, जो बिस्कोमॉन के एमडी है। उस समय लालू प्रसाद के रेल मंत्री रहते दी गई नौकरियों को लेकर छापेमारी हुई थी, क्योंकि नौकरी की एवज में जमीन लिखाने का आरोप लालू प्रसाद पर है. इसी को लेकर सीबीआई जांच कर रही है। मामले में लालू प्रसाद के करीबी भोला यादव को गिरफ्तार भी किया गया था, जो जमानत पर हैं।

बिहार में जब से महागठबंधन की सरकार नबनी है तब से केंद्रीय एजेंसियों की जांच सख्त हो गई है। रेलवे में नौकरी के नाम पर जमीन लेने की जांच कर रही सीबीआई ने हाल के महीनों में दो बार छापेमारी की है। पहले राबड़ी आवास पर छापा मारा गया था। उसके बाद सासू परिवार के करीबियों के यहां रेड हुई थी। अब लालू प्रसाद के करीबियों ले कागजात तलब किये जा रहे हैं। पूर्व विधायक अबू दोजाना को सीबीआई ने नोटिस जारी किया है, जिसमें उनसे लालू प्रसाद और उनके परिजनों की जमीन से संबंधित कागजात तलब किये गये हैं। चार नवंबर को अबू दोजाना को सीबीआई को कागजात उपलब्ध कराने को कहा गया था, लेकिन नोटिस चार नवंबर को मिली, जिसकी वजह से अबू दोजाना ने सीबीआई को पत्र लिखा है और कागजात जमा करने के लिए चार सप्ताह का समय मांगा है।

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