Ration Card Update October 2026:राशन कार्ड से जुड़ी व्यवस्था में 1 अक्टूबर 2026 से SMART-PDS सिस्टम में नई सुविधा शुरू होने जा रही है। यह सुविधा खास तौर पर साइलेंट राशन कार्ड और डुप्लीकेट लाभार्थियों से जुड़े मामलों को संभालने के लिए होगी।
खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग के मुताबिक, नई व्यवस्था सभी राशन कार्ड धारकों पर लागू नहीं होगी। यानी सामान्य रूप से राशन का लाभ ले रहे पात्र लोगों को इस वजह से दोबारा e-KYC कराने की जरूरत नहीं होगी।
साइलेंट कार्ड क्या है
साइलेंट राशन कार्ड ऐसे मामलों को कहा गया है, जिनमें लाभार्थी ने पिछले छह महीने से अपने राशन की पात्रता का इस्तेमाल नहीं किया है।
SMART-PDS सिस्टम में ऐसे राशन कार्ड चिन्हित होने के बाद उन्हें अस्थायी रूप से निष्क्रिय किया जा सकता है। इसके बाद संबंधित लाभार्थी को अपनी पात्रता दोबारा साबित करने का मौका दिया जाएगा।
तीन महीने का मौका
साइलेंट राशन कार्ड के मामले में चिन्हित लाभार्थी को तीन महीने के भीतर फील्ड वेरिफिकेशन और e-KYC की प्रक्रिया से गुजरना होगा। इस दौरान उसकी पात्रता की दोबारा जांच की जाएगी।
अगर जांच में लाभार्थी पात्र पाया जाता है तो राशन की सुविधा से जुड़े मामले में आगे की प्रक्रिया पूरी की जा सकेगी।
डुप्लीकेट लाभार्थी भी दायरे में
नई व्यवस्था में डुप्लीकेट लाभार्थी के रूप में चिन्हित लोगों के लिए भी प्रावधान किया गया है। ऐसे व्यक्ति को भी अपनी पात्रता साबित करने के लिए तीन महीने का समय दिया जाएगा।
इस दौरान जरूरी दस्तावेज और e-KYC के माध्यम से लाभार्थी अपनी वास्तविक पात्रता साबित कर सकेगा। सत्यापन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद संबंधित मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
1 अक्टूबर से क्या बदलेगा
1 अक्टूबर 2026 से SMART-PDS सिस्टम में इन मामलों को संभालने की नई functionality शुरू होगी। इसके तहत सिस्टम में चिन्हित साइलेंट राशन कार्ड या डुप्लीकेट लाभार्थी को अस्थायी रूप से निष्क्रिय किया जा सकेगा।
इसके बाद निर्धारित अवधि में फील्ड वेरिफिकेशन, दस्तावेज और e-KYC के जरिए पात्रता की जांच होगी। यानी बदलाव का मुख्य उद्देश्य चिन्हित मामलों का सत्यापन करना है।
सभी कार्ड बंद नहीं होंगे
सबसे जरूरी बात यह है कि 1 अक्टूबर से सभी राशन कार्ड बंद नहीं किए जाएंगे। न ही हर राशन कार्ड धारक को दोबारा e-KYC कराने की जरूरत होगी।
नई व्यवस्था केवल उन राशन कार्ड और लाभार्थियों से संबंधित है, जिन्हें सिस्टम में साइलेंट राशन कार्ड या डुप्लीकेट लाभार्थी के रूप में चिन्हित किया गया है।
जो पात्र लाभार्थी नियमित रूप से अपने राशन की सुविधा का इस्तेमाल कर रहे हैं, उन पर यह प्रक्रिया अपने आप लागू नहीं होगी।
नियम पहले से लागू
यह भी समझना जरूरी है कि साइलेंट राशन कार्ड और डुप्लीकेट लाभार्थियों से संबंधित TPDS प्रावधान पहले से लागू हैं। 1 अक्टूबर 2026 से मुख्य बदलाव SMART-PDS सिस्टम में इन मामलों को संभालने वाली नई सुविधा के शुरू होने से जुड़ा है।
इसलिए इसे सभी राशन कार्ड धारकों के लिए राशन बंद होने या अनिवार्य रूप से दोबारा e-KYC कराने की नई समयसीमा के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।

