Wednesday, January 21, 2026
  • Login
News1India
  • राष्ट्रीय
  • देश
  • बिहार चुनाव 2025
  • विदेश
  • राज्य ▼
    • दिल्ली
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • पंजाब
  • क्राइम
  • टेक्नोलॉजी
  • धर्म
  • मौसम
  • ऑटो
  • खेल
🔍
Home TOP NEWS

माघ मेला प्रशासन और स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के बीच विवाद गहराया: ‘शंकराचार्य’ पद पर मांगा जवाब

माघ मेला प्रशासन ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को नोटिस भेजकर 24 घंटे में जवाब मांगा है कि वे 'शंकराचार्य' पद का उपयोग क्यों कर रहे हैं। प्रशासन का तर्क है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार अभी ज्योतिष्पीठ का पद रिक्त है, जबकि स्वामी जी का कहना है कि धार्मिक मान्यता प्रशासन के अधिकार क्षेत्र से बाहर है।

Mayank Yadav by Mayank Yadav
January 20, 2026
in TOP NEWS, उत्तर प्रदेश, प्रयागराज
Shankaracharya Avimukteshwaranand
491
SHARES
1.4k
VIEWS
Share on FacebookShare on Twitter

RELATED POSTS

Shankaracharya Avimukteshwaranand

प्रयागराज में ‘आस्था’ और ‘प्रशासन’ की जंग: शंकराचार्य का रथ रोका, भड़के समर्थक, बैरियर टूटा!

January 18, 2026

Shankaracharya Avimukteshwaranand case: प्रयागराज में आयोजित माघ मेला 2025-26 के दौरान ज्योतिष्पीठ के स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती और मेला प्रशासन के बीच तनाव चरम पर पहुंच गया है। मौनी अमावस्या पर संगम स्नान के दौरान हुए विवाद के बाद, प्रशासन ने अब स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को एक आधिकारिक नोटिस जारी कर उनके ‘शंकराचार्य’ पद के उपयोग पर सवाल उठाए हैं। नोटिस में सुप्रीम कोर्ट के विचाराधीन मामले का हवाला देते हुए पूछा गया है कि जब न्यायालय ने पट्टाभिषेक पर रोक लगा रखी है, तो वे अपने शिविर और प्रचार सामग्री में इस पद का उपयोग कैसे कर रहे हैं। वहीं, स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने इसे अपना अपमान बताते हुए स्पष्ट किया है कि उनकी मान्यता अन्य पीठों के शंकराचार्यों से प्राप्त है, न कि प्रशासन से।

विवाद की जड़: नोटिस और कानूनी पक्ष

प्रयागराज माघ मेला प्राधिकरण के उपाध्यक्ष द्वारा जारी नोटिस में सुप्रीम कोर्ट में लंबित केस संख्या 3010/2020 का उल्लेख किया गया है। प्रशासन के अनुसार, 17 अक्टूबर 2022 को न्यायालय ने आदेश दिया था कि फैसला आने तक किसी भी धर्माचार्य का ज्योतिष्पीठ के शंकराचार्य के रूप में पट्टाभिषेक नहीं हो सकता।

मेलाधिकारी ऋषिराज ने स्पष्ट किया कि स्वामी Shankaracharya Avimukteshwaranand को शंकराचार्य के रूप में प्रोटोकॉल नहीं दिया जा सकता, इसीलिए उन्हें मेला क्षेत्र में ‘बद्रिका आश्रम सेवा शिविर’ के नाम पर भूमि आवंटित की गई है। प्रशासन ने आरोप लगाया कि शिविर के बाहर लगे बोर्डों पर ‘शंकराचार्य’ लिखना अदालत की अवहेलना है।

स्वामी Shankaracharya Avimukteshwaranand का पलटवार

इस नोटिस पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि प्रशासन को यह तय करने का अधिकार नहीं है कि शंकराचार्य कौन है। उन्होंने तर्क दिया कि:

  • अन्य तीन पीठों के शंकराचार्य उन्हें मान्यता देते हैं।

  • पिछले मेलों में वे अन्य शंकराचार्यों के साथ शाही स्नान कर चुके हैं।

  • प्रशासनिक प्रोटोकॉल से अधिक धार्मिक परंपराएं महत्वपूर्ण हैं।

Shankaracharya Avimukteshwaranand ने संगम स्नान के दौरान उनके और उनके शिष्यों के साथ हुए दुर्व्यवहार के लिए प्रशासन से माफी की मांग की है। उन्होंने घोषणा की है कि वे तब तक अपने शिविर में प्रवेश नहीं करेंगे जब तक उन्हें ससम्मान स्नान नहीं कराया जाता।

रामभद्राचार्य का बयान

इस विवाद में तुलसी पीठाधीश्वर जगद्गुरु रामभद्राचार्य ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के रुख की आलोचना करते हुए कहा कि पालकी की जिद शास्त्र विरुद्ध है। उन्होंने कहा, “जब हम स्वयं पैदल स्नान करने जाते हैं, तो शास्त्र विरुद्ध आचरण करने वालों को न सुख मिलता है और न शांति।”

यह मामला अब धार्मिक और कानूनी लड़ाई के बीच फंस गया है, जिसका समाधान फिलहाल निकलता नहीं दिख रहा है।

Udaipur Car Accident: मौत से पहले का वीडियो वायरल, तेज रफ्तार, लापरवाही या मोबाइल, कैसे गई चारों दोस्तों की जान

Tags: Shankaracharya Avimukteshwaranand
Share196Tweet123Share49
Mayank Yadav

Mayank Yadav

Related Posts

Shankaracharya Avimukteshwaranand

प्रयागराज में ‘आस्था’ और ‘प्रशासन’ की जंग: शंकराचार्य का रथ रोका, भड़के समर्थक, बैरियर टूटा!

by Mayank Yadav
January 18, 2026

Shankaracharya Avimukteshwaranand Rath Dispute, संगम नगरी में मौनी अमावस्या के अवसर पर श्रद्धा का अभूतपूर्व संगम देखने को मिला। रविवार...

Next Post
UP crime

खूनी हुआ उत्तर प्रदेश: सहारनपुर और एटा में सामूहिक हत्याकांड से सनसनी, दो घरों के 9 सदस्यों की मौत।

Job platform

बिना 'जुगाड़' के भी मिलेगी नौकरी: इन डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर हर वैकेंसी की मिलेगी सटीक जानकारी

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

News1India

Copyright © 2025 New1India

Navigate Site

  • About us
  • Privacy Policy
  • Contact

Follow Us

No Result
View All Result
  • राष्ट्रीय
  • देश
  • बिहार चुनाव 2025
  • विदेश
  • राज्य
    • दिल्ली
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • पंजाब
  • क्राइम
  • टेक्नोलॉजी
  • धर्म
  • मौसम
  • ऑटो
  • खेल

Copyright © 2025 New1India

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In

Add New Playlist