UP Final Voter List Released:लखनऊ से बड़ी खबर सामने आई है। प्रदेश में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के बाद अंतिम वोटर लिस्ट शुक्रवार को जारी की जाएगी। मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा इसे औपचारिक रूप से जारी करेंगे।
क्यों खास है इस बार की सूची
इस बार की मतदाता सूची को काफी अहम माना जा रहा है। इसकी वजह यह है कि इसमें बड़े स्तर पर जांच, सुधार और नए पंजीकरण किए गए हैं। इस प्रक्रिया के बाद मतदाताओं की संख्या और स्वरूप दोनों में बदलाव देखने को मिलेगा।
कम हो सकती है कुल संख्या
जानकारी के मुताबिक, इस बार प्रदेश में कुल मतदाताओं की संख्या करीब 13.35 करोड़ रहने का अनुमान है। यह संख्या पिछले साल 2025 की सूची से करीब दो करोड़ कम हो सकती है।
नाम कटने की बड़ी वजह
इतनी बड़ी संख्या में नाम हटने के पीछे कई कारण हैं। इनमें मृतक मतदाता, दूसरे स्थान पर चले गए लोग, डुप्लीकेट नाम और जिनके दस्तावेज सही नहीं मिले, उन्हें सूची से हटा दिया गया है।
अभियान कब से चला
यह विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान पिछले साल 27 अक्टूबर से शुरू हुआ था। इसे अलग-अलग चरणों में पूरा किया गया। 6 जनवरी को जारी ड्राफ्ट सूची में 15.44 करोड़ में से 2.89 करोड़ नाम हटा दिए गए थे, जिससे सूची घटकर 12.55 करोड़ रह गई थी।
दावे और आपत्तियों की प्रक्रिया
ड्राफ्ट सूची के बाद लोगों को अपने दावे और आपत्तियां दर्ज कराने का मौका दिया गया। इस दौरान बड़े स्तर पर सुनवाई हुई और हर मामले की जांच की गई, ताकि सही मतदाता सूची तैयार हो सके।
पुराने रिकॉर्ड की भी जांच
पुनरीक्षण के दौरान वर्ष 2003 की मतदाता सूची के रिकॉर्ड भी खंगाले गए। करीब 1.04 करोड़ ऐसे मतदाता मिले जिनका रिकॉर्ड नहीं मिला। वहीं 2.22 करोड़ मामलों में गड़बड़ी पाई गई, जिनकी जांच की गई।
नए मतदाताओं की एंट्री
इस बीच बड़ी संख्या में नए लोगों ने भी वोटर बनने के लिए आवेदन किया। 27 अक्टूबर से 6 मार्च तक करीब 86.69 लाख लोगों ने फॉर्म-6 भरा। वहीं 3.18 लाख लोगों ने नाम हटाने के लिए फॉर्म-7 जमा किया।
चुनाव तैयारियों को मिलेगी रफ्तार
अंतिम मतदाता सूची जारी होने के बाद आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियां तेज हो जाएंगी। यही सूची चुनाव में वोटिंग का आधार बनेगी, इसलिए सभी राजनीतिक दल और प्रशासन इस पर नजर बनाए हुए हैं।
