Voter Draft List : जारी हुई ड्राफ्ट मतदाता सूची, लाखों नाम कटे, कैसे अपना नाम देखे जानिए आपत्ति दर्ज करने का तरीका

उत्तर प्रदेश में विशेष गहन पुनरीक्षण के बाद ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी हुई है। इसमें 2.89 करोड़ नाम हटे हैं। मतदाता 6 फरवरी तक दावे-आपत्तियां दर्ज कर सकते हैं।

UP Voter Draft List 2026 Update

UP Voter Draft List:उत्तर प्रदेश में आगामी चुनावों की तैयारियों के बीच निर्वाचन आयोग ने एक अहम कदम उठाया है। राज्य में विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) की प्रक्रिया पूरी होने के बाद आज मंगलवार को ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी की जा रही है। इस संबंध में मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा दोपहर 3 बजे लखनऊ में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरी प्रक्रिया और नए आंकड़ों की जानकारी देंगे।

इस बार जारी की गई ड्राफ्ट वोटर लिस्ट ने सभी को चौंका दिया है। निर्वाचन आयोग से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, पहले उत्तर प्रदेश में कुल 15 करोड़ 44 लाख पंजीकृत मतदाता थे। लेकिन गहन सत्यापन और शुद्धिकरण के बाद अब ड्राफ्ट सूची में केवल 12 करोड़ 55 लाख मतदाता ही शामिल किए गए हैं।

मतदाता सूची में बड़ी कटौती

आंकड़ों के अनुसार, करीब 2 करोड़ 89 लाख मतदाताओं के नाम ड्राफ्ट सूची से हटा दिए गए हैं। इसके पीछे कई ठोस कारण बताए गए हैं। जिन मतदाताओं की मृत्यु हो चुकी है, उनके नाम हटाए गए हैं। इसके अलावा जो लोग स्थायी रूप से दूसरे जिले या राज्य में बस गए हैं, जिनके नाम एक से अधिक विधानसभा क्षेत्रों में दर्ज थे, लंबे समय से अनुपस्थित रहने वाले या जिन लोगों ने गणना प्रपत्र नहीं भरा, उनके नाम भी सूची से हटाए गए हैं।

1 करोड़ मतदाताओं को भेजा जाएगा नोटिस

निर्वाचन आयोग ने यह भी साफ किया है कि लगभग 1 करोड़ ऐसे मतदाता हैं, जिनकी मैपिंग प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी है। इन सभी मतदाताओं को इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर की ओर से नोटिस भेजा जाएगा। नोटिस मिलने के बाद संबंधित मतदाता को आयोग द्वारा तय किए गए 12 वैध दस्तावेजों में से किसी एक के जरिए अपनी पहचान और पते का प्रमाण देना होगा।

2003 की मतदाता सूची बनी आधार

अधिकारियों के अनुसार, सत्यापन के लिए वर्ष 2003 की मतदाता सूची को मुख्य आधार बनाया गया है। जिन मतदाताओं या उनके माता-पिता के नाम 2003 की सूची में दर्ज थे, उनके नाम सुरक्षित रखे गए हैं। इसका उद्देश्य पुराने और वास्तविक मतदाताओं को सूची में बनाए रखना है।

लखनऊ में सबसे ज्यादा नाम कटे

राजधानी लखनऊ में मतदाता सूची की सबसे बड़ी ‘सफाई’ देखने को मिली है। यहां करीब 12 लाख मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं। जिला निर्वाचन अधिकारी के आंकड़ों के अनुसार, 4.57 लाख मतदाता अपने दर्ज पते पर नहीं मिले, 1.27 लाख लोगों की मृत्यु हो चुकी है, जबकि 5.39 लाख मतदाता दूसरी जगह स्थानांतरित हो चुके हैं।

दावे और आपत्तियों की समय-सीमा

ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी होने के बाद आज से 6 फरवरी तक दावे और आपत्तियां दर्ज की जा सकेंगी। इसके बाद 7 फरवरी से 27 फरवरी तक सभी दावों और आपत्तियों का निस्तारण किया जाएगा। अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन 6 मार्च को किया जाएगा।

नाम कैसे जांचें और जुड़वाएं

ड्राफ्ट सूची जारी होते ही मतदाता उत्तर प्रदेश निर्वाचन आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अपना नाम, विधानसभा क्षेत्र और बूथ की जानकारी देख सकते हैं। यदि किसी योग्य मतदाता का नाम कट गया है, तो वह ऑनलाइन या ऑफलाइन माध्यम से दोबारा नाम जुड़वाने के लिए आवेदन कर सकता है। आयोग का लक्ष्य पूरी तरह सही और पारदर्शी मतदाता सूची तैयार करना है।

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