Weather update: उत्तर प्रदेश में इन दिनों गर्मी अपने चरम पर पहुंच चुकी है। राज्य के ज्यादातर इलाकों में दिन का तापमान सामान्य से काफी ऊपर चल रहा है। कई मंडलों में तापमान 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक ज्यादा दर्ज किया गया है। सबसे अधिक तापमान प्रयागराज में 45.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो तेज लू और गर्मी की गंभीर स्थिति को दिखाता है। वहीं, रात के समय भी राहत नहीं मिल रही है। मेरठ, कानपुर, बरेली और आगरा जैसे शहरों में रातें भी सामान्य से ज्यादा गर्म हो गई हैं, जिससे लोगों को काफी परेशानी हो रही है।
लू और गर्म हवाओं का दौर
मौसम विभाग के अनुसार 26 और 27 अप्रैल तक प्रदेश में लू का असर बना रहेगा। दिन में तेज गर्म हवाएं चलेंगी और कई जगहों पर गर्म रातें भी महसूस होंगी। इस दौरान लोगों को खास सावधानी बरतने की सलाह दी गई है, क्योंकि तेज गर्मी सेहत पर बुरा असर डाल सकती है। खासकर बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है।
बारिश और आंधी की संभावना
हालांकि, 28 अप्रैल से मौसम में बदलाव शुरू होने की उम्मीद है। पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश में कुछ जगहों पर हल्की बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। 29 और 30 अप्रैल को यह असर और बढ़ेगा। इस दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। साथ ही बिजली गिरने की भी संभावना है। यह सिलसिला 1 मई तक जारी रह सकता है, जिससे तापमान में थोड़ी गिरावट देखने को मिलेगी।
लखनऊ का मौसम अपडेट
राजधानी लखनऊ की बात करें तो यहां फिलहाल मौसम साफ रहेगा। पूरे दिन तेज धूप पड़ेगी और आसमान में बादल नहीं दिखेंगे। दिन का अधिकतम तापमान करीब 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है, जबकि रात में तापमान लगभग 26 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहेगा। यानी दिन में गर्मी ज्यादा रहेगी, लेकिन रात में हल्की राहत मिल सकती है।
महीने के अंत में राहत
अभी कुछ दिन तक गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद कम है, लेकिन अप्रैल के आखिरी दिनों में मौसम करवट ले सकता है। बारिश और हवा चलने से तापमान में गिरावट आएगी। इससे किसानों और आम लोगों को थोड़ी राहत मिलेगी।
गर्मी से बचाव के उपाय
तेज धूप से बचना बहुत जरूरी है। अगर बाहर निकलना हो तो सिर को ढककर निकलें और पानी साथ रखें। शरीर में पानी की कमी न होने दें, इसलिए बार-बार पानी पीते रहें। कोशिश करें कि दोपहर के समय घर से बाहर न निकलें, क्योंकि यही समय सबसे ज्यादा खतरनाक होता है।
