Site icon News1India

क्या है कानपुर प्लागर्स ग्रुप ? जिसकी पीएम मोदी ने मन की बात में की तारीफ…

Kanpur Ploggers Group
Kanpur Ploggers Group : कानपुर का एक ग्रुप आज देशभर में चर्चा का विषय बन गया है, जिसके कारण लोग गंगा घाटों की सफाई के महत्व को समझ रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने मन की बात कार्यक्रम के 116वें एपिसोड में कानपुर के इस ग्रुप “कानपुर प्लागर्स” की सराहना की। इस ग्रुप ने गंगा घाटों को स्वच्छ रखने के लिए लगातार काम किया है और अब यह देशभर में एक पहचान बना चुका है।

ऐसे हुई कानपुर प्लागर्स की शुरुआत

कानपुर प्लागर्स की शुरुआत 2021 में कोरोना काल के दौरान हुई थी। ग्रुप की फाउंडर डॉक्टर संजीवनी शर्मा ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी का एक बयान देखकर उन्हें प्रेरणा मिली थी, जिसमें मोदी जी ने प्लागिंग के बारे में बात की थी। इसके बाद, संजीवनी के मन में विचार आया कि कानपुर के गंगा घाटों की सफाई के लिए एक मुहिम शुरू की जाए। 6 मार्च 2021 को इस ग्रुप की शुरुआत हुई और अब यह ग्रुप हजारों लोगों का हिस्सा बन चुका है, जो गंगा घाटों की सफाई में अपना योगदान दे रहे हैं।

यह भी पढ़ें : टीम इंडिया की पर्थ टेस्ट में ऐतिहासिक जीत, 238 पर सिमटी ऑस्ट्रेलिया

संजीवनी शर्मा ने बताया कि इस मुहिम में हर उम्र और पेशे के लोग शामिल हैं। रविवार को शहर के विभिन्न घाटों की सफाई करने के लिए एक घंटा समर्पित किया जाता है, जिसमें वॉलिंटियर के रूप में शहरभर के लोग जुड़ते हैं। वकील, बिजनेसमैन, और अलग-अलग क्लास के लोग घाटों की सफाई करते हैं। इस ग्रुप की शुरुआत 30-40 लोगों से हुई थी, जो अब हजारों तक पहुंच चुकी है। उनका ग्रुप 4 साल के बच्चे से लेकर 65 साल के बुजुर्ग तक के वॉलिंटियरों से भरा हुआ है।

PM मोदी ने की सराहना

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने मन की बात कार्यक्रम में कानपुर प्लागर्स के काम की सराहना की। उन्होंने कहा था कि इस ग्रुप के सदस्य न केवल शहर को साफ कर रहे हैं, बल्कि वातावरण को स्वच्छ रखने का भी महत्वपूर्ण काम कर रहे हैं। अगर देशभर में इसी तरह के प्रयास हों, तो भारत एक स्वच्छ भारत बन सकता है। प्रधानमंत्री की सराहना ने इस ग्रुप के सदस्यों को और भी प्रेरित किया है। प्रधानमंत्री से मिली सराहना के बाद डॉक्टर संजीवनी शर्मा और उनका ग्रुप और अधिक उत्साहित हैं। उन्होंने कहा कि यह उनकी यात्रा की शुरुआत थी और अब प्रधानमंत्री के द्वारा सराहना प्राप्त करने के बाद, वे अपने कार्य को कानपुर से बाहर और अन्य शहरों में भी फैलाने का प्रयास करेंगे।

Exit mobile version