Noida Samsung Mobile Factory: भारत आज वैश्विक मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में तेजी से उभर रहा है। इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश के नोएडा शहर ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। यहां स्थित सैमसंग की मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट को दुनिया की सबसे बड़ी मोबाइल फैक्ट्री माना जाता है। इस अत्याधुनिक फैक्ट्री में हर साल करीब 12 करोड़ मोबाइल फोन तैयार किए जाते हैं, जो भारत के साथ-साथ कई विदेशी बाजारों में भी भेजे जाते हैं।
2018 में हुई थी फैक्ट्री की शुरुआत
सैमसंग इंडिया ने वर्ष 2018 में नोएडा के सेक्टर-81 में इस विशाल फैक्ट्री की शुरुआत की थी। इसका उद्घाटन प्रधानमंत्री Narendra Modi ने जुलाई 2018 में किया था। इस परियोजना के जरिए कंपनी ने ‘मेक फॉर द वर्ल्ड’ पहल को भी आगे बढ़ाया, जिसका उद्देश्य भारत में बने स्मार्टफोन्स को दुनिया के विभिन्न देशों तक पहुंचाना है।
उत्पादन क्षमता में हुआ बड़ा इजाफा
नई फैक्ट्री शुरू होने के बाद सैमसंग की उत्पादन क्षमता में बड़ा विस्तार हुआ। पहले जहां कंपनी सालाना लगभग 6.8 करोड़ मोबाइल फोन बनाती थी, वहीं अब यह क्षमता बढ़कर 12 करोड़ यूनिट प्रति वर्ष हो चुकी है। यह आंकड़ा इसे दुनिया की सबसे बड़ी मोबाइल निर्माण इकाइयों में शामिल करता है।
35 एकड़ में फैली है विशाल यूनिट
नोएडा के सेक्टर-81 में स्थित यह फैक्ट्री लगभग 35 एकड़ क्षेत्र में फैली हुई है। यहां एंट्री-लेवल स्मार्टफोन से लेकर प्रीमियम और फ्लैगशिप मॉडल तक का निर्माण किया जाता है। यह यूनिट भारत की घरेलू मांग को पूरा करने के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी स्मार्टफोन निर्यात करती है।
भारत में मजबूत हो रहा इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण
सैमसंग वर्ष 2007 से भारत में मोबाइल फोन निर्माण कर रही है। कंपनी भारत सरकार के चरणबद्ध विनिर्माण कार्यक्रम (PMP) के तहत प्रिंटेड सर्किट बोर्ड (PCB) समेत कई महत्वपूर्ण कंपोनेंट्स का स्थानीय स्तर पर उत्पादन कर रही है। इससे देश में इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा मिला है और रोजगार के नए अवसर भी पैदा हुए हैं।


