Babar Azam Controversy:पाकिस्तान क्रिकेट टीम के लिए इंग्लैंड दौरा मुश्किल साबित हो रहा है। तीन मैचों की टेस्ट सीरीज के शुरुआती दो मुकाबले गंवाने के बाद टीम में बड़े बदलाव किए गए हैं। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने सात खिलाड़ियों को टीम से बाहर कर दिया है। इसके अलावा टेस्ट टीम के कोच सरफराज अहमद और गेंदबाजी कोच उमर गुल की भी छुट्टी कर दी गई है। इन बदलावों के बीच कप्तान बाबर आजम की बल्लेबाजी भी लगातार चर्चा का विषय बनी हुई है।
बाबर पर निशाना
पाकिस्तान के पूर्व बल्लेबाज बासित अली ने बाबर आजम की बल्लेबाजी को लेकर बेहद तीखी टिप्पणी की है। एक कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि महान खिलाड़ी सिर्फ नाम या फैन फॉलोइंग से नहीं बनते। बासित के मुताबिक मुश्किल परिस्थितियों में प्रदर्शन करना ही किसी खिलाड़ी की असली पहचान होती है। उन्होंने बाबर का नाम लेते हुए कहा कि वह सोशल मीडिया और अपनी फैन फॉलोइंग के बीच भले ही महान माने जाते हों, लेकिन मैदान पर उन्हें अपनी क्षमता साबित करनी होगी।
चार साल से शतक नहीं
बासित अली ने बाबर आजम के टेस्ट रिकॉर्ड पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि बाबर ने पिछले चार साल में एक भी टेस्ट शतक नहीं लगाया है। उनका कहना था कि जब पूरी टीम की बल्लेबाजी एक प्रमुख खिलाड़ी पर निर्भर हो, तब उससे बड़ी पारी की उम्मीद रहती है। बासित ने यह भी कहा कि ऐसे समय में गैर-जिम्मेदाराना शॉट खेलकर आउट होना निराशाजनक है। उनके मुताबिक बाबर को अब अपनी बल्लेबाजी से आलोचकों को जवाब देना चाहिए।
आर्चर की गेंद
बाबर आजम की आलोचना की एक बड़ी वजह इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे टेस्ट में उनका विकेट भी बना। मैच में जोफ्रा आर्चर की गेंद पर बाबर जिस अंदाज में आउट हुए, उसका वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर चर्चा में हैं। आर्चर की तेज गेंद के सामने बाबर असहज नजर आए और उनका विकेट गिर गया। आउट होने के तरीके को लेकर सोशल मीडिया पर उन्हें ट्रोल भी किया जा रहा है। प्रशंसकों के साथ-साथ पूर्व क्रिकेटर भी उनकी तकनीक और शॉट चयन पर सवाल उठा रहे हैं।
टीम पर दबाव
लगातार दो टेस्ट मैचों में हार के बाद पाकिस्तान टीम पर दबाव बढ़ गया है। पीसीबी के बड़े बदलावों से साफ है कि टीम प्रबंधन भी मौजूदा प्रदर्शन से खुश नहीं है। ऐसे माहौल में बाबर आजम के लिए भी चुनौती बढ़ गई है। कप्तान और बल्लेबाज के तौर पर अब उनसे बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है। इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज का अगला मुकाबला पाकिस्तान के लिए काफी अहम होगा, जहां टीम वापसी करना चाहेगी।
