भारत और आयरलैंड के बीच बेलफास्ट में खेले गए पहले टी20 मुकाबले में तेज गेंदबाज हर्षित राणा ने शानदार वापसी की। लंबे समय बाद मैदान पर लौटे हर्षित ने अपनी तेज और सटीक गेंदबाजी से आयरलैंड के बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। उन्होंने चार ओवर में सिर्फ 24 रन देकर तीन अहम विकेट लिए और अपने कमबैक मैच को यादगार बना दिया।
शुरुआत के बाद शानदार वापसी
हर्षित राणा की शुरुआत उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। उनकी पहली दो गेंदों पर लगातार दो चौके लगे। हालांकि उन्होंने घबराने के बजाय शानदार वापसी की। अपने पहले ही ओवर की पांचवीं गेंद पर उन्होंने रॉस एडेयर को बड़ा शॉट खेलने के लिए मजबूर किया और उनका विकेट हासिल कर लिया। इस विकेट के साथ उन्होंने 141 दिन बाद प्रतिस्पर्धी क्रिकेट में फिर से सफलता का स्वाद चखा।
दूसरे स्पेल में भी असरदार
पहला विकेट मिलने के बाद हर्षित का आत्मविश्वास और बढ़ गया। अपने अगले स्पेल में उन्होंने आयरलैंड के सलामी बल्लेबाज टिम टेक्टर को भी आउट कर दिया। टेक्टर अच्छी लय में बल्लेबाजी कर रहे थे और तेजी से रन बना रहे थे, लेकिन हर्षित की शॉर्ट गेंद पर कप्तान श्रेयस अय्यर ने शानदार कैच पकड़कर उनकी पारी खत्म कर दी। शुरुआती तीन ओवर में हर्षित ने सिर्फ 18 रन देकर दो विकेट लेकर भारत को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया।
कप्तान टकर को भी रोका
अपने आखिरी ओवर में हर्षित राणा ने सबसे अहम सफलता हासिल की। आयरलैंड के कप्तान लॉर्कन टकर तेजी से रन बना रहे थे और केवल 35 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा कर चुके थे। ऐसे समय में हर्षित ने उन्हें बड़ा शॉट खेलने के लिए मजबूर किया। गेंद हवा में गई और तिलक वर्मा ने आसान कैच पकड़ लिया। टकर 50 रन बनाकर आउट हुए। हर्षित ने चार ओवर में 24 रन देकर तीन विकेट लेकर अपना सर्वश्रेष्ठ टी20 अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शन दर्ज किया।
चोट के बाद शानदार जवाब
हर्षित राणा को 4 फरवरी को टी20 विश्व कप के वॉर्म-अप मैच के दौरान घुटने के लिगामेंट में गंभीर चोट लगी थी। इसके बाद उनकी सर्जरी हुई और लंबे समय तक उन्हें मैदान से दूर रहना पड़ा। करीब 141 दिन तक रिहैबिलिटेशन करने के बाद उन्होंने क्रिकेट में वापसी की। पहले ही मुकाबले में शानदार प्रदर्शन कर उन्होंने साबित कर दिया कि उनकी फिटनेस और आत्मविश्वास दोनों पहले जैसे ही मजबूत हैं।
टीम के लिए अच्छी खबर
हर्षित राणा का यह प्रदर्शन भारतीय टीम के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है। चोट से वापसी के बाद जिस तरह उन्होंने लय हासिल की, उससे आने वाले मुकाबलों में टीम को उनकी गेंदबाजी से काफी उम्मीदें रहेंगी। टीम प्रबंधन का उन पर भरोसा भी पूरी तरह सही साबित हुआ।
