AI Dating Scam:साइबर अपराधी लोगों को ठगने के लिए लगातार नए-नए तरीके अपना रहे हैं। अब ठगी के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI का भी इस्तेमाल किया जा रहा है। ऐसा ही एक चौंकाने वाला मामला बेंगलुरु से सामने आया है, जहां साइबर ठगों ने डेटिंग ऐप पर AI की मदद से एक लड़की की नकली पहचान बनाई और 26 साल के युवक से डेढ़ लाख रुपये से ज्यादा की ठगी कर ली।
पीड़ित युवक बेंगलुरु के एजिपुरा इलाके का रहने वाला है और एक निजी कंपनी में नौकरी करता है। पुलिस के मुताबिक, युवक ने 5 जनवरी को एक डेटिंग ऐप पर अपना प्रोफाइल बनाया था। कुछ ही समय बाद उसे ईशानी नाम की एक महिला की फ्रेंड रिक्वेस्ट आई। युवक ने रिक्वेस्ट स्वीकार कर ली और दोनों के बीच बातचीत शुरू हो गई।
बातचीत से जाल में फंसाने की शुरुआत
शुरुआत में दोनों के बीच सामान्य बातचीत होती रही। धीरे-धीरे बातचीत बढ़ी और दोनों ने अपनी निजी बातें भी साझा करनी शुरू कर दीं। भरोसा बढ़ने पर दोनों ने एक-दूसरे के मोबाइल नंबर भी ले लिए। इसके बाद बातचीत व्हाट्सएप पर होने लगी। कुछ दिनों बाद कथित महिला ने वीडियो कॉल करने का सुझाव दिया।
वीडियो कॉल के दौरान महिला कैमरे पर नग्न अवस्था में दिखाई दी और युवक से भी ऐसा ही करने को कहा। युवक उसकी बातों में आ गया और कॉल के दौरान उसने अपने कपड़े उतार दिए। इसी दौरान साइबर ठगों ने चुपचाप युवक का आपत्तिजनक वीडियो रिकॉर्ड कर लिया। युवक को इस बात की कोई भनक तक नहीं लगी।
वीडियो दिखाकर किया ब्लैकमेल
कुछ समय बाद युवक को व्हाट्सएप पर वही निजी वीडियो क्लिप भेजी गई। इसके साथ ही उसे धमकी दी गई कि अगर उसने पैसे नहीं दिए तो यह वीडियो उसके परिवार, दोस्तों और सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया जाएगा। बदनामी के डर से युवक घबरा गया और ठगों की बात मानने को मजबूर हो गया।
पीड़ित ने पहले 60,000 रुपये आरोपियों के बताए गए बैंक खाते में ट्रांसफर किए। इसके बाद भी ठग नहीं रुके और दोबारा पैसों की मांग की। डर के चलते युवक ने फिर 93,000 रुपये भेज दिए। जब इसके बाद भी आरोपी लगातार और पैसे मांगते रहे, तब युवक को ठगी का एहसास हुआ।
पुलिस जांच में बड़ा खुलासा
परेशान होकर युवक ने आखिरकार पुलिस स्टेशन जाकर शिकायत दर्ज कराई। शुरुआती जांच में पुलिस को पता चला कि डेटिंग ऐप पर बनाई गई प्रोफाइल पूरी तरह फर्जी थी। आरोपी ने AI तकनीक का इस्तेमाल कर लड़की की तस्वीरें और वीडियो तैयार किए थे। पुलिस अब बैंक खातों और डिजिटल सबूतों के आधार पर साइबर ठगों की पहचान करने में जुटी है।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे ऑनलाइन किसी अनजान व्यक्ति पर जल्दी भरोसा न करें, खासकर वीडियो कॉल और निजी जानकारी साझा करने से पहले सतर्क रहें।






