Health Anxiety: डिजिटल दौर में स्वास्थ्य संबंधी जानकारी हासिल करना पहले से कहीं अधिक आसान हो गया है। इंटरनेट और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित चैटबॉट्स लोगों को कुछ ही सेकंड में संभावित बीमारियों और लक्षणों की जानकारी दे देते हैं। हालांकि, विशेषज्ञों का मानना है कि यही सुविधा कई बार लोगों की चिंता का कारण भी बन सकती है।
क्या है साइबरकॉन्ड्रिया ? इस के बढ़ते मामलों ने बढ़ाई विशेषज्ञों की चिंता
AI चैटबॉट्स और ऑनलाइन हेल्थ सर्च की बढ़ती लोकप्रियता के बीच ‘साइबरकॉन्ड्रिया’ की समस्या चर्चा में है। विशेषज्ञों का कहना है कि बार-बार इंटरनेट या AI से बीमारी के लक्षण पूछना कई लोगों में स्वास्थ्य संबंधी चिंता को और बढ़ा सकता है। एक मामला मुंबई के बैंकिंग प्रोफेशनल रितोबान सेन का सामने आया, जिन्होंने मामूली गांठ को लेकर ChatGPT से सलाह लेने के बाद कई डॉक्टरों की राय ली।
