Norway Massive Fire:नॉर्वे के ड्रामेन शहर के पास स्थित एक कस्बे में लगी भीषण आग ने बड़े इलाके को अपनी चपेट में ले लिया है। अधिकारियों ने इस घटना को पिछले 100 वर्षों में क्षेत्र में लगी सबसे बड़ी आग बताया है। सप्ताहांत के दौरान आग की लपटों ने तेजी से फैलते हुए करीब 100 घरों को पूरी तरह नष्ट कर दिया या उन्हें भारी नुकसान पहुंचाया। आग की गंभीरता को देखते हुए लगभग 400 लोगों को प्रभावित क्षेत्र से सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया। सोमवार तक आग पूरी तरह शांत नहीं हो सकी थी और कई जगहों से अब भी धुआं उठता दिखाई दे रहा था।
कुछ ही घंटों में आग ने 100 से ज्यादा घरों को पहुंचाया नुकसान
यह आग क्रोकस्टाडेल्वा इलाके में शुक्रवार दोपहर करीब चार बजे एक रो-हाउस परिसर से शुरू होने की जानकारी सामने आई है। पुलिस को आग की पहली सूचना दोपहर 3:39 बजे मिली थी। इसके बाद आग इतनी तेजी से फैलती गई कि शुक्रवार रात करीब नौ बजे तक 100 से अधिक घर क्षतिग्रस्त हो चुके थे या पूरी तरह जल गए थे। आग की चपेट में स्थानीय फायर चीफ टोरगेर एंडरसन का घर भी आ गया और वह पूरी तरह नष्ट हो गया। इस घटना ने स्थानीय प्रशासन और आपातकालीन सेवाओं के सामने बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है।
आग लगने की वजह दुर्घटना या स्पॉन्टेनियस कम्बशन होने का शक
स्थानीय पुलिस ने शुरुआती जांच के आधार पर आग लगने की दो संभावित वजहों का जिक्र किया है। अधिकारियों को आशंका है कि आग किसी दुर्घटना के कारण लगी हो सकती है या फिर किसी स्थान पर अपने आप आग लगने यानी स्पॉन्टेनियस कम्बशन की घटना हुई हो सकती है। हालांकि, आग की वास्तविक वजह का पता लगाने के लिए जांच जारी है। अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी और पूरी जांच के बाद ही आग लगने की सही वजह स्पष्ट हो सकेगी।
आग बुझाने का अभियान 10 दिन तक चलने की संभावना
नॉर्वे के दक्षिण-पूर्वी पुलिस जिले के संचालन प्रबंधक स्टॉले फुगलास ने बताया कि आग बुझाने और इलाके को पूरी तरह सुरक्षित करने का अभियान लंबे समय तक चल सकता है। उनके अनुसार, इस अभियान में करीब 10 दिन तक का समय लगने की संभावना है। उन्होंने कहा कि इलाके में अभी भी काफी गर्मी मौजूद है, जिससे स्थिति की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है। अधिकारियों के मुताबिक, जिन लोगों का सामान घरों में रह गया है, उन्हें सुरक्षित तरीके से अपना जरूरी सामान निकालने में मदद दी जाएगी। नगर प्रशासन और आपातकालीन सेवाएं प्रभावित लोगों की सुरक्षित वापसी की योजना पर भी काम कर रही हैं।
ड्रोन और हेलीकॉप्टर से लगातार हो रही निगरानी
आग को दोबारा फैलने से रोकने के लिए अग्निशमन विभाग ने प्रभावित इलाके में कई एहतियाती कदम उठाए हैं। कुछ स्थानों पर पानी के स्प्रिंकलर लगाए गए हैं, जबकि दमकल कर्मी लगातार हालात पर नजर रख रहे हैं। आग की निगरानी के लिए ड्रोन और हेलीकॉप्टर का भी इस्तेमाल किया जा रहा है। इनकी मदद से उन इलाकों की पहचान की जा रही है, जहां अब भी गर्मी या आग के दोबारा भड़कने का खतरा बना हुआ है। राहत और बचाव अभियान के दौरान लोगों की सुरक्षा को सबसे ज्यादा प्राथमिकता दी जा रही है।
अभी आग पूरी तरह नियंत्रण में नहीं, हालात पहले से बेहतर
अग्निशमन कर्मी एरिक स्मिड्स्रॉड ने भी स्थिति को लेकर सावधानी बरतने की बात कही है। उनका कहना है कि अभी यह दावा करना सही नहीं होगा कि आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि हालात पहले की तुलना में बेहतर नजर आ रहे हैं। आग के कारण बड़ी संख्या में घरों के नष्ट होने के बाद प्रभावित परिवारों के सामने अब अपने घरों में लौटने और जरूरी सामान वापस लेने की चुनौती है। प्रशासन और आपातकालीन सेवाएं मिलकर लोगों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करने की कोशिश कर रही हैं। इस बीच, आग की वजह और इससे हुए कुल नुकसान का आकलन भी किया जा रहा है।
