Noida International Airport की पहली उड़ान में सफर करेंगे जमीन देने वाले किसान, 15 जून को बना इतिहास

जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से 15 जून को पहली कमर्शियल उड़ान शुरू होगी। खास बात यह है कि एयरपोर्ट निर्माण के लिए अपनी जमीन देने वाले करीब 160 किसानों को पहली फ्लाइट में सफर करने का मौका मिलेगा। यह उड़ान लखनऊ के लिए रवाना होगी और किसानों को यात्रा पास भी सौंप दिए गए हैं।

Uttar Pradesh के जेवर में बने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से 15 जून की सुबह कमर्शियल उड़ानों की शुरुआत होने जा रही है। इस अवसर को और भी खास बनाने के लिए एयरपोर्ट निर्माण के लिए अपनी जमीन देने वाले किसानों को पहली उड़ान में सफर करने का अवसर दिया गया है। यह फैसला उन किसानों के योगदान को सम्मान देने के उद्देश्य से लिया गया है, जिनकी जमीन पर देश के सबसे बड़े ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट परियोजनाओं में से एक का निर्माण हुआ है।

लखनऊ के लिए रवाना होगी पहली फ्लाइट

नागरिक उड्डयन मंत्रालय और महानिदेशालय (DGCA) से जुड़े सूत्रों के अनुसार, नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से पहली कमर्शियल उड़ान उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के लिए रवाना होगी। इस ऐतिहासिक उड़ान में जेवर क्षेत्र के विभिन्न गांवों के किसान यात्री बनेंगे। एयरपोर्ट के संचालन की शुरुआत के साथ यह क्षण क्षेत्र के विकास और किसानों के योगदान का प्रतीक माना जा रहा है।

विधायक धीरेंद्र सिंह ने सौंपे यात्रा पास

शनिवार को जेवर के विधायक धीरेंद्र सिंह ने एयरपोर्ट परियोजना के लिए भूमि देने वाले किसानों से मुलाकात की। मेडिकल डिवाइस पार्क में आयोजित कार्यक्रम के दौरान उन्होंने चयनित किसानों को यात्रा पास सौंपे और हवाई यात्रा से जुड़ी जरूरी जानकारी दी।

इस दौरान किसानों को एयरपोर्ट की सुरक्षा व्यवस्था, चेक-इन प्रक्रिया और यात्रा के दौरान पालन किए जाने वाले नियमों के बारे में विस्तार से बताया गया। विधायक ने कहा कि यह सिर्फ एक हवाई यात्रा नहीं बल्कि क्षेत्र के किसानों के सम्मान का अवसर है।

160 किसान होंगे ऐतिहासिक उड़ान का हिस्सा

जानकारी के अनुसार, रोही, रन्हेरा, बनवारीवास, दयानतपुर, किशोरपुर और सिवारा समेत विभिन्न गांवों के करीब 160 किसानों को इस यात्रा के लिए चुना गया है। सभी किसानों को 15 जून की सुबह 6 बजे एयरपोर्ट पहुंचने के निर्देश दिए गए हैं।

सुरक्षा कारणों से किसानों को स्पष्ट रूप से बताया गया है कि वे अपने साथ बीड़ी, गुटखा, तंबाकू, माचिस, लाइटर या किसी भी प्रकार की ज्वलनशील सामग्री लेकर न आएं। एयरपोर्ट प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां इस ऐतिहासिक कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए विशेष तैयारियों में जुटी हुई हैं।

विकास और सम्मान का अनोखा उदाहरण

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट केवल एक बुनियादी ढांचा परियोजना नहीं है, बल्कि यह पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विकास की नई पहचान भी बन रहा है। पहली उड़ान में किसानों को शामिल करना इस बात का संदेश देता है कि विकास की यात्रा में योगदान देने वाले लोगों को सम्मान देना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। 15 जून का दिन जेवर और आसपास के गांवों के किसानों के लिए हमेशा यादगार रहेगा।

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