Cashless Treatment for Teachers, प्रदेश के शिक्षकों, शिक्षामित्रों और शिक्षा से जुड़े अन्य कर्मचारियों के लिए राहत भरी खबर है। अब उन्हें इलाज के लिए जेब से पैसा नहीं खर्च करना पड़ेगा। योगी सरकार ने पांच लाख रुपये तक कैशलेस इलाज की सुविधा देने का प्रस्ताव तैयार किया है। खास बात यह है कि इस योजना का लाभ सिर्फ सरकारी स्कूलों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि स्ववित्त पोषित यानी निजी स्कूलों के शिक्षकों को भी इसमें शामिल करने की तैयारी है।
कैबिनेट की बैठक 29 से अधिक प्रस्तावों पर चर्चा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में गुरुवार को होने वाली प्रदेश कैबिनेट की बैठक में इस अहम प्रस्ताव को मंजूरी के लिए रखा जाएगा। यह बैठक सुबह 11 बजे लोक भवन में होगी, जिसमें शिक्षा विभाग समेत 29 से अधिक प्रस्तावों पर चर्चा की जाएगी।
किस-किस को मिलेगा कैशलेस इलाज का लाभ
इस प्रस्ताव के तहत माध्यमिक शिक्षा विभाग के अंतर्गत आने वाले अशासकीय सहायता प्राप्त स्कूलों के शिक्षक, स्ववित्त पोषित माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षक और बेसिक शिक्षा विभाग के शिक्षक इस सुविधा का लाभ उठा सकेंगे।
इसके साथ ही शिक्षामित्र, अनुदेशक, वार्डन, रसोइया और इनके आश्रित परिवार के सदस्यों को भी कैशलेस इलाज की सुविधा देने की योजना है। अनुमान है कि इस फैसले से पांच लाख से ज्यादा लोग सीधे तौर पर लाभान्वित होंगे।
योगी सरकार इस साल होने वाले शिक्षक और स्नातक कोटे की 11 एमएलसी सीटों के चुनाव से पहले यह बड़ा तोहफा देने जा रही है, जिसे शिक्षा जगत में काफी अहम माना जा रहा है।
कैबिनेट में आने वाले अन्य अहम प्रस्ताव
कैबिनेट बैठक में सिर्फ शिक्षा से जुड़े प्रस्ताव ही नहीं, बल्कि कई और अहम मुद्दों पर भी फैसला हो सकता है।
पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग का एक प्रस्ताव एजेंडे में है, जिसके तहत 2012 से पहले प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की सहमति न होने से बंद पड़े पांच हजार से ज्यादा ईंट-भट्ठों को नियमों में ढील देकर राहत दी जा सकती है।
इसके अलावा आईटी मैन्युफैक्चरिंग पॉलिसी की समय सीमा को दो साल बढ़ाने का प्रस्ताव भी रखा जाएगा। नगर विकास विभाग के दो प्रस्ताव, जिनमें विज्ञापन नीति में बदलाव और अटल नवीनीकरण शहरी मिशन से जुड़ा गोरखपुर नगर निगम का मामला शामिल है, कैबिनेट में आएंगे।
जेवर एयरपोर्ट और उद्योग से जुड़े फैसले
जेवर एयरपोर्ट के विस्तार के लिए और जमीन अधिग्रहण किया जाएगा। इसके स्टेज-2 के फेज-1, 2 और 3 से जुड़े भूमि अधिग्रहण प्रस्ताव पर भी चर्चा होगी।
पूर्वी पाकिस्तान और बांग्लादेश से विस्थापित हिंदू बंगाली परिवारों के पुनर्वास और नोएडा में मेट्रोपॉलिटन कॉरपोरेशन से जुड़े प्रस्ताव भी एजेंडे में हैं।
लखनऊ-हरदोई में प्रस्तावित पीएम मित्रा टेक्सटाइल पार्क के लिए औद्योगिक जलापूर्ति से जुड़े करीब 45850 करोड़ रुपये के प्रस्तावों को भी मंजूरी मिल सकती है।
351 मोटर वाहन इंस्पेक्टर की भर्ती
परिवहन विभाग के तहत 351 मोटर वाहन इंस्पेक्टर की नियुक्ति का प्रस्ताव भी कैबिनेट में रखा जाएगा। इसके साथ ही सभी जिलों में एआरटीओ सड़क सुरक्षा के नए पदों के लिए नियमावली बनाने की तैयारी है। पहले चरण में 36 जिलों में और बाद में सभी 75 जिलों में तैनाती होगी।


