Ghaziabad Biodiversity Park: दिल्ली-एनसीआर के निवासियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में नए बस अड्डे के समीप और महामाया स्टेडियम के पीछे स्थित डंपिंग ग्राउंड वाली जमीन अब एक शानदार पिकनिक स्पॉट में तब्दील होने जा रही है। नगर निगम द्वारा विकसित किया जा रहा ‘हिंडन बायोडायवर्सिटी पार्क’ वर्ष 2026 में जनता के लिए समर्पित कर दिया जाएगा। लगभग 63.2 एकड़ में फैले इस विशाल पार्क को ₹14 करोड़ 76 लाख की लागत से तैयार किया जा रहा है। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने हाल ही में निर्माण कार्य का निरीक्षण कर इसे अगले 6 से 9 महीनों के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए हैं। यह पार्क न केवल पर्यावरण संरक्षण में मदद करेगा, बल्कि शहरवासियों को जिपलाइन, बटरफ्लाई गार्डन और लोटस पॉन्ड जैसा अनूठा अनुभव भी प्रदान करेगा।
कूड़े के ढेर से खूबसूरत नखलिस्तान तक का सफर
Ghaziabad का वह इलाका जो कभी गंदगी और कूड़े के ढेरों के लिए जाना जाता था, अब शहर का सबसे बड़ा ‘ग्रीन लंग’ बनने की राह पर है। नगर निगम इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट के जरिए शहरी पर्यावरण को सुधारने और लुप्त होती जैव विविधता को वापस लाने का प्रयास कर रहा है। हिंडन नदी के किनारे होने के कारण यह पार्क पारिस्थितिक तंत्र के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा।
रोमांच और सुकून का संगम
पार्क की रूपरेखा इस तरह तैयार की गई है कि यहाँ हर आयु वर्ग के लोगों के लिए कुछ न कुछ खास हो:
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एडवेंचर के लिए जिपलाइन: युवाओं और बच्चों के लिए पार्क में रोमांचक जिपलाइन की सुविधा होगी।
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प्रकृति प्रेमियों के लिए: शांति और सुकून की तलाश करने वालों के लिए यहाँ एक सुंदर ‘लोटस पॉन्ड’ (कमल का तालाब) और रंग-बिरंगी तितलियों वाला ‘बटरफ्लाई गार्डन’ बनाया जा रहा है।
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शिक्षा और शोध: छात्रों के लिए विशेष ‘रिसर्च गार्डन’ विकसित किया जा रहा है, जहाँ वे विभिन्न पौधों की प्रजातियों पर अध्ययन कर सकेंगे।
आधुनिक सुविधाएं और कनेक्टिविटी
Ghaziabad नगर आयुक्त ने स्पष्ट किया है कि निर्माण की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। पार्क के भीतर लंबी दूरी का वॉकवे, आकर्षक फाउंटेन और गहन हरियाली विकसित की जा रही है। आगंतुकों की सुविधा के लिए यहाँ एक बड़ा पार्किंग क्षेत्र और बेहतरीन रेस्टोरेंट भी होगा, ताकि परिवार के साथ आने वाले लोग यहाँ पूरा दिन बिता सकें।
नगर निगम Ghaziabad के अनुसार, निर्माण कार्य अंतिम चरण की ओर बढ़ रहा है। 2026 की शुरुआत तक गाजियाबाद के पास अपना एक ऐसा आधुनिक बायोडायवर्सिटी पार्क होगा, जो न केवल मनोरंजन का केंद्र बनेगा, बल्कि खिलाड़ियों और विद्यार्थियों के लिए भी एक बेहतर संसाधन साबित होगा।
