Rescue Teams Saved Cats :लखनऊ के अलीगंज इलाके में सोमवार को हुआ भीषण अग्निकांड पूरे शहर को शोक में डुबो गया। इस दर्दनाक हादसे में अब तक 15 लोगों की जान जा चुकी है, जबकि 7 घायल किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती हैं। डॉक्टरों के अनुसार घायलों का इलाज जारी है और उनकी हालत पहले से बेहतर बताई जा रही है।
कुछ ही मिनटों में धुएं से भर गई इमारत
जिस इमारत में आग लगी, वहां एनिमेशन ट्रेनिंग सेंटर, पैट शॉप और पशु चिकित्सा क्लिनिक सहित कई संस्थान संचालित हो रहे थे। आग लगने के बाद कुछ ही मिनटों में पूरी बिल्डिंग घने धुएं से भर गई। इमारत में मौजूद छात्र, कर्मचारी और कई पालतू जानवर अंदर ही फंस गए। हालात इतने खराब हो गए कि लोगों को बाहर निकलने का मौका तक नहीं मिल पाया।
बिल्लियों को भी सुरक्षित निकाला गया
इस त्रासदी के बीच राहत और बचाव दल ने मानवता और संवेदनशीलता की मिसाल पेश की। दमकल कर्मियों और रेस्क्यू टीम ने लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के साथ-साथ पैट शॉप और पशु क्लिनिक में फंसी बिल्लियों को भी बचाया। बचावकर्मी धुएं से भरे कमरों तक पहुंचे और कई बिल्लियों को गोद में उठाकर तथा कैरियर बॉक्स में रखकर सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया। सोशल मीडिया पर सामने आई तस्वीरों और वीडियो में भी यह दृश्य देखने को मिला। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि राहत दल कुछ देर और पहुंचता तो इन बेजुबान जानवरों को बचाना मुश्किल हो सकता था।
जान बचाने के लिए खिड़कियों से कूदे छात्र
हादसे के दौरान पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। आग और धुएं से बचने के लिए कई छात्रों ने पहली और दूसरी मंजिल की खिड़कियों से छलांग लगा दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सुरक्षा इंतजामों में कमी और आग के तेजी से फैलने के कारण हालात और गंभीर हो गए। बिजली बंद होने से इमारत में अंधेरा छा गया, जबकि संकरे रास्तों और घने धुएं की वजह से लोगों को बाहर निकलने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
22 लोगों को पहुंचाया गया अस्पताल
हादसे के बाद कुल 22 लोगों को केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया। डॉक्टरों ने उनमें से 15 लोगों को मृत घोषित कर दिया, जबकि 7 घायलों का इलाज जारी है। यह हादसा कई परिवारों को ऐसा दर्द दे गया है, जिसकी भरपाई शायद कभी नहीं हो सकेगी।
मुख्यमंत्री ने दिया सख्त कार्रवाई का भरोसा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने केजीएमयू पहुंचकर मृतकों के परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने परिवारों को भरोसा दिलाया कि इस मामले में किसी भी जिम्मेदार व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि जांच में जो भी अधिकारी या अन्य व्यक्ति दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सरकार ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है ताकि हादसे की असली वजह सामने आ सके और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
