लखनऊ ऑनलाइन डेस्क। बीते 24 नवंबर को शाही जामा मस्जिद के सर्वे के दौरान हिंसा भड़की थी। इस दौरान चार लोगों की जान चली गई तो वहीं 28 से अधिक पुलिसकर्मी घायल हुए। 35 से अधिक उपद्रवी सलाखों के पीछे भेजे गए। पुलिस की 10 टीमें 100 बवालियों की तलाश में ऑपरेशन चलाए हुए हैं। इनसब के बीच सीतापुर जिला कारागार में बंद पूर्व मंत्री व समाजवादी पार्टी के कद्दावर नेता आजम खां ने संभल हिंसा पर अपना दर्द बयां किया है। उन्होंने सपा जिलाध्यक्ष से मुलाकात की और एक पत्र के जरिए
संदेश जारी करवाया है। पत्र में आजम खां ने कहा है कि, समाजवादी पार्टी रामपुर में हुए जुल्म और बर्बादी का मुद्दा संसद में उतनी ही मजबूती से उठाए जितना संभल का। क्योंकि रामपुर के सफल तजुर्बे के बाद ही संभल पर आक्रमण हुआ है।
क्या है पूरा मामला
दरअसल, सपा नेता आजम खां ने सपा जिलाध्यक्ष अजय सागर को जेल में मुलाकात के लिए बुलवाया। अजय सागर जेल जाकर आजम खां से मिले। इस दौरान उन्होंने आजम खां ने उनसे एक पत्र जारी करने को कहा। जिसके बाद जिलाध्यक्ष की तरफ से अपने लेटर हेड पर जेल में बंद सपा नेता का संदेश जारी किया है। इस संदेश में सपा नेता आजम खां की तरफ से कहा गया है कि रामपुर की बर्बादी पर इंडिया गठबंधन खामोश तमाशायी बना रहा और मुस्लिम लीडरशिप को मिटाने पर काम करता रहा। उन्होंने संदेश में स्पष्ट कह दिया है कि इंडिया गठबंधन को अपनी स्थिति स्पष्ट करना होगी, अन्यथा मुसलमानों के हालात और भविष्य पर विचार करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
तो उन्हें विचार करने पर मजबूर होना पड़ेगा
आजम खां ने अपने संदेश में इंडिया गठबंधन से यह भी कहा है कि मुसलमानों पर होने वाले हमलों और उनकी मौजूदा स्थिति और अपनी नीति पर खुलकर स्थिति स्पष्ट करे। यदि मुसलमानों के वोट का कोई अर्थ ही नहीं है और उनके वोट का अधिकार उनकी नस्लकुशी (नरसंहार) करा रहा है तो उन्हें विचार करने पर मजबूर होना पड़ेगा कि उनके वोट के अधिकार को रहना चाहिए या नहीं। आजम खां ने संभल हिंसा का जिक्र करते हुए कहा कि जिस तरह से वहां एक कौम का खून बहाया गया। इंडिया गठबंधन के नेता संसद में खामोश हैं। संभल हिंसा को संसद में नहीं उठा रहे हैं। जिसकी हम निंदा करते हैं।
इबादतगाहों को विवादित बनाकर समाप्त करना
सपा नेता आजम खां ने संदेश दिया है कि बेसहारा, अलग-थलग और अकेला खाक व खून में नहाया हुआ अधिकार, इबादतगाहों को विवादित बनाकर समाप्त करना है। केवल साजिश करने, षड्यंत्र रचने वालों और दिखावे की हमदर्दी के लिए देश की दूसरी आबादी को बर्बाद एवं नेस्तानाबूत नहीं किया जा सकता। पिछले एक दशक से एक कौम का टारगेट किया जा रहा है। इंडिया गठबंधन चुप्पी साधे हुए है। अब आजम खां का ये संदेश सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। जिस पर यूजर्स कमेंट भी लिख रहे हैं।
कुछ इस तरह से बोले सपा जिलाध्यक्ष
मामले पर सपा जिलाध्यक्ष अजय सागर ने बताया कि उनकी मुलाकात सपा नेता आजम खां से पिछले दिनों जेल में हुई थी। जेल में ही सपा नेता ने उनको यह संदेश जारी करने के लिए कहा था। सपा जिलाध्यक्ष ने कहा कि पूरी पार्टी आजम खां के साथ है। रही बात संभल हिंसा की तो हमारे नेता अखिलेश यादव ने पहले दिन ही संसद में इस उठाया। संभल हिंसा पर सपा की मांग है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो। हमारे नेता अखिलेश यादव ने कहा है कि वह संभल जाएंगे। पीड़ितों से मिलेंगे। साथ ही पार्टी की तरफ से संभल हिंसा में मारे गए चार लोगों को पांच-पांच लाख का मुआवजा भी देगी।