UP में शुरू होगा ‘स्कूल चलो अभियान ,बदला गया प्राइमरी और माध्यमिक स्कूलों का टाइम-टेबल

उत्तर प्रदेश में 1 अप्रैल से स्कूलों का समय बदल रहा है। माध्यमिक स्कूल 7:30 से 1:30 और प्राइमरी स्कूल 8:00 से 2:00 बजे तक चलेंगे। नए सत्र में कक्षा 9 व 11 के लिए प्रोफेशनल कोर्स अनिवार्य होगा। साथ ही स्कूलों में साइबर क्लब और शक्ति मंच का गठन किया जाएगा।

UP school time change: उत्तर प्रदेश के लाखों छात्र-छात्राओं के लिए कल, 1 अप्रैल 2026 से नए शिक्षा सत्र (New Academic Session) का आगाज होने जा रहा है। बढ़ती तपिश और लू के प्रकोप को देखते हुए योगी सरकार ने स्कूलों के समय में महत्वपूर्ण बदलाव किया है। कल से प्रदेश के सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में नई समय सारणी लागू होगी। माध्यमिक स्कूलों (कक्षा 6 से 12) के लिए सुबह 7:30 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक का समय निर्धारित किया गया है। वहीं, बेसिक शिक्षा परिषद के अधीन आने वाले प्राइमरी स्कूल सुबह 8:00 बजे खुलेंगे और दोपहर 2:00 बजे उनकी छुट्टी होगी। जिलाधिकारियों को अधिकार दिया गया है कि वे स्थानीय मौसम की स्थिति के अनुसार इन समयों में आंशिक बदलाव कर सकते हैं।

प्रोफेशनल कोर्स और साइबर क्लब

इस साल का शैक्षणिक सत्र केवल किताबी ज्ञान तक सीमित नहीं रहेगा। कक्षा 9 और 11 के छात्रों के लिए अब अपनी पसंद का एक ‘प्रोफेशनल कोर्स’ चुनना अनिवार्य कर दिया गया है, ताकि वे भविष्य के लिए जरूरी हुनर सीख सकें। छात्रों को डिजिटल दुनिया के खतरों से बचाने के लिए हर स्कूल में ‘साइबर क्लब’ बनाए जाएंगे, जहाँ उन्हें इंटरनेट और मोबाइल के सुरक्षित उपयोग की जानकारी दी जाएगी। इसके अतिरिक्त, छात्राओं के आत्मविश्वास को बढ़ाने और उनमें नेतृत्व क्षमता विकसित करने के लिए ‘शक्ति मंच’ का गठन किया जाएगा।

प्रार्थना सभा में ‘न्यूज अपडेट’ और योग पर फोकस

स्कूलों की प्रार्थना सभा को अब और अधिक ज्ञानवर्धक बनाया जा रहा है। अब हर रोज प्रार्थना के समय छात्रों को देश-दुनिया की प्रमुख खबरें पढ़कर सुनाई जाएंगी। शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए प्रतिदिन ‘योग’ और ‘ध्यान’ (Meditation) की एक्टिविटी भी अनिवार्य की गई है। सरकार 1 अप्रैल से ही ‘स्कूल चलो अभियान’ की शुरुआत कर रही है, जिसका लक्ष्य हर बच्चे का स्कूल में नामांकन सुनिश्चित करना है।

जनवरी 2027 में होंगे बोर्ड एग्जाम

नए सत्र के साथ ही परीक्षाओं का संभावित कैलेंडर भी जारी कर दिया गया है। छात्रों का पहला यूनिट टेस्ट जुलाई 2026 में आयोजित किया जाएगा। इसके बाद सितंबर या अक्टूबर के महीने में छमाही (Half-yearly) परीक्षाएं संपन्न होंगी। सबसे महत्वपूर्ण बदलाव बोर्ड परीक्षाओं को लेकर है, जिन्हें साल 2027 के जनवरी और फरवरी महीने में ही कराए जाने की तैयारी है। इस बार बिहार बोर्ड के परिणामों से प्रेरणा लेते हुए उत्तर प्रदेश सरकार भी मेधावी छात्रों को प्रोत्साहित करने के लिए विशेष योजनाओं पर काम कर रही है।

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