German Chancellor India Visit: जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज अपने पहले भारत दौरे पर गुजरात पहुंचे, जहां अहमदाबाद में उनका भव्य और पारंपरिक अंदाज में स्वागत किया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने गृह राज्य गुजरात में चांसलर मर्ज का आत्मीय स्वागत किया। इस दौरान दोनों नेता साबरमती रिवरफ्रंट पर एक साथ नजर आए और अंतर्राष्ट्रीय पतंग महोत्सव 2026 में भाग लिया। यह नजारा भारत और जर्मनी के बीच मजबूत होते रिश्तों का प्रतीक बन गया।
फ्रेडरिक मर्ज ने अपने भारत दौरे की शुरुआत राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के साबरमती आश्रम से की। आश्रम पहुंचने पर उनका गर्मजोशी से स्वागत किया गया। प्रधानमंत्री मोदी और चांसलर मर्ज ने महात्मा गांधी को पुष्पांजलि अर्पित की और उनके विचारों को नमन किया। मर्ज ने आश्रम की विजिटर्स बुक में अपने विचार भी लिखे। इसके बाद दोनों नेता साबरमती रिवरफ्रंट पहुंचे, जहां अंतर्राष्ट्रीय पतंग महोत्सव का आयोजन किया गया था।
पतंग महोत्सव में दिखी भारत-जर्मनी की दोस्ती
अहमदाबाद में मकर संक्रांति पर पतंग उड़ाना एक पुरानी और खास परंपरा है। इसी सांस्कृतिक पहचान को साझा करते हुए प्रधानमंत्री मोदी और चांसलर मर्ज ने पतंग महोत्सव का शुभारंभ किया। दोनों नेता एक खुली गाड़ी में सवार होकर रिवरफ्रंट पहुंचे। यहां उन्होंने एक साथ पतंग की डोर थामी और आसमान में उड़ती भारत और जर्मनी की पतंगों को संभाला। इस दौरान एक हनुमान जी की तस्वीर वाली पतंग भी उड़ाई गई, जिसने कार्यक्रम को और खास बना दिया।
अंतर्राष्ट्रीय पतंग महोत्सव की शुरुआत अहमदाबाद में साल 1989 में हुई थी। जब नरेंद्र मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे, तब इस उत्सव को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिली। आज इस महोत्सव में दुनिया के कई देश हिस्सा लेते हैं और अपनी संस्कृति का प्रदर्शन करते हैं।
क्यों खास है फ्रेडरिक मर्ज का भारत दौरा
प्रधानमंत्री मोदी और फ्रेडरिक मर्ज का एक साथ पतंग उड़ाना सिर्फ एक सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं था, बल्कि यह भारत और जर्मनी के बीच बढ़ती नजदीकी का संदेश भी था। मर्ज का यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है, जब भारत और जर्मनी के राजनयिक संबंधों को 75 साल और रणनीतिक साझेदारी को 25 साल पूरे हो चुके हैं। दोनों देश व्यापार, तकनीक, शिक्षा और रक्षा जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर काम कर रहे हैं।
द्विपक्षीय बातचीत और आगे का कार्यक्रम
फ्रेडरिक मर्ज 12 जनवरी को अहमदाबाद पहुंचे थे, जहां गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने एयरपोर्ट पर उनका स्वागत किया। वे 13 जनवरी तक भारत में रहेंगे। इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी और चांसलर मर्ज गांधीनगर के महात्मा मंदिर में द्विपक्षीय बातचीत करेंगे। बैठक में भारत-जर्मनी रणनीतिक साझेदारी की प्रगति की समीक्षा होगी।
इसके अलावा मर्ज बॉश और नैनो साइंस एंड इंजीनियरिंग केंद्र (CeNSE) का दौरा भी करेंगे। इसके बाद वे जर्मनी के लिए रवाना हो जाएंगे। इससे पहले दोनों नेताओं की मुलाकात कनाडा में हुए G7 शिखर सम्मेलन के दौरान हुई थी।









