Delhi Fog Alert :दिल्ली-एनसीआर सहित उत्तर भारत के बड़े हिस्से में इन दिनों घना कोहरा छाया हुआ है। इसका सीधा असर रेल यातायात पर देखने को मिल रहा है। सुबह और रात के समय दृश्यता काफी कम हो जा रही है, जिससे ट्रेनों की रफ्तार धीमी पड़ गई है। रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा पर निकलने से पहले अपनी ट्रेन का स्टेटस जरूर जांच लें, ताकि किसी तरह की परेशानी से बचा जा सके।
दिल्ली में इस समय करीब 55 ट्रेनें अपने तय समय से देरी से चल रही हैं। इसके अलावा 4 ट्रेनों के रास्तों में बदलाव किया गया है। राजधानी एक्सप्रेस और दुरंतो जैसी प्रीमियम ट्रेनें भी कोहरे की वजह से 8 से 10 घंटे की देरी से पहुंच रही हैं। उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश में भी कोहरे का असर साफ तौर पर देखा जा रहा है, जहां रेल सेवाएं लगातार प्रभावित हो रही हैं।
घंटों इंतजार से यात्रियों की मुश्किलें बढ़ीं
ट्रेनों की भारी देरी के कारण यात्रियों को कड़ाके की ठंड में रेलवे स्टेशनों पर घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। खासकर बुजुर्ग, महिलाएं और बच्चे इस स्थिति से सबसे ज्यादा परेशान हैं। इंडियन रेलवे के दिल्ली डिवीजन के अनुसार, रविवार को दिल्ली आने और जाने वाली कई ट्रेनें प्रभावित रहीं। करीब 17 ट्रेनें तीन घंटे से ज्यादा की देरी से अपने गंतव्य पर पहुंचीं।
कई यात्रियों का कहना है कि प्लेटफॉर्म पर ठंड और कोहरे के बीच इंतजार करना बेहद मुश्किल हो गया है। कुछ जगहों पर ट्रेनें अचानक रुक-रुक कर चल रही हैं, जिससे सफर और लंबा हो जा रहा है।
मौसम विभाग ने जारी किया कोहरे का अलर्ट
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने पांच राज्यों के लिए कोहरे को लेकर अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार, 25 से 27 तारीख के बीच पंजाब और हरियाणा के अलग-अलग इलाकों में घना कोहरा छा सकता है। वहीं 26 और 27 तारीख को पश्चिमी उत्तर प्रदेश और 22, 26 व 27 तारीख को पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में रात और सुबह के समय बहुत घना कोहरा रहने की संभावना है। ऐसे में आने वाले दिनों में भी रेल सेवाएं प्रभावित रह सकती हैं।
यात्रा से पहले ट्रेन का स्टेटस जरूर देखें
रेलवे ने यात्रियों को सलाह दी है कि वे घर से निकलने से पहले अपनी ट्रेन का लाइव स्टेटस जरूर जांचें। यात्री रेलवे की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ट्रेन से जुड़ी ताजा जानकारी हासिल कर सकते हैं। इससे स्टेशन पर ठंड में घंटों इंतजार करने से बचा जा सकता है और यात्रा की बेहतर योजना बनाई जा सकती है।









