फीफा वर्ल्ड कप 2026 में मौजूदा चैंपियन अर्जेंटीना ने अपने अभियान की शानदार शुरुआत की है। टीम ने अपने पहले मुकाबले में अल्जीरिया को 3-0 से हराकर टूर्नामेंट में अपनी ताकत का जोरदार प्रदर्शन किया। इस जीत के सबसे बड़े नायक कप्तान लियोनेल मेसी रहे, जिन्होंने पूरे मैच में बेहतरीन खेल दिखाते हुए तीनों गोल दागे और टीम को आसान जीत दिलाई।
200वां मैच बना ऐतिहासिक
यह मुकाबला मेसी के करियर के सबसे खास मैचों में से एक बन गया। अर्जेंटीना की जर्सी में यह उनका 200वां अंतरराष्ट्रीय मुकाबला था। इस ऐतिहासिक अवसर को उन्होंने अपनी पहली विश्व कप हैट्रिक के साथ और भी यादगार बना दिया। इसके साथ ही मेसी उन चुनिंदा खिलाड़ियों की सूची में शामिल हो गए जिन्होंने छह अलग-अलग फीफा वर्ल्ड कप में हिस्सा लिया है।
उम्र पर भारी पड़ा अनुभव
38 वर्ष की उम्र के बाद भी मेसी की फिटनेस और खेल के प्रति उनकी प्रतिबद्धता देखने लायक रही। पूरे मैच के दौरान उनकी ड्रिब्लिंग, गेंद पर नियंत्रण और सटीक पासिंग ने दर्शकों को प्रभावित किया। मैदान पर उनका अनुभव साफ नजर आया और उन्होंने विरोधी टीम के डिफेंस को लगातार दबाव में बनाए रखा।
एम्बाप्पे को छोड़ा पीछे
इस मुकाबले के दौरान मेसी ने एक और बड़ी उपलब्धि अपने नाम कर ली। मैच से पहले विश्व कप इतिहास में उनके खाते में 13 गोल दर्ज थे। हैट्रिक के बाद यह संख्या बढ़कर 16 हो गई। इसके साथ ही उन्होंने फ्रांस के स्टार फुटबॉलर Kylian Mbappé के 14 विश्व कप गोलों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया।
क्लोस की बराबरी की
मेसी ने जर्मनी के महान स्ट्राइकर Miroslav Klose के विश्व कप में 16 गोलों के रिकॉर्ड की भी बराबरी कर ली। अब वह विश्व कप इतिहास में सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ियों की सूची में संयुक्त रूप से शीर्ष स्थान पर पहुंच गए हैं। यह उपलब्धि उनके शानदार करियर में एक और सुनहरा अध्याय जोड़ती है।
तीनों गोल रहे शानदार
अर्जेंटीना ने मैच की शुरुआत से ही आक्रामक खेल दिखाया। 17वें मिनट में रोड्रिगो डी पॉल के शानदार पास पर मेसी ने पहला गोल दागकर टीम को बढ़त दिलाई। इसके बाद 60वें मिनट में उन्होंने रिबाउंड का फायदा उठाते हुए दूसरा गोल किया। वहीं 76वें मिनट में एक बेहतरीन मूव को शानदार शॉट में बदलकर उन्होंने अपना तीसरा गोल किया और हैट्रिक पूरी कर ली।
खिताब बचाने का मजबूत संकेत
पहले ही मुकाबले में मिली इस बड़ी जीत ने साफ कर दिया है कि अर्जेंटीना इस बार भी खिताब बचाने के इरादे से मैदान में उतरी है। कप्तान Lionel Messi का शानदार फॉर्म टीम के लिए सबसे बड़ी ताकत बन सकता है। यदि मेसी इसी लय में खेलते रहे, तो अर्जेंटीना एक बार फिर विश्व फुटबॉल की सबसे बड़ी ट्रॉफी जीतने की प्रबल दावेदार नजर आएगी।









