Student Suicide Despite 92% Marks: कानपुर से एक बेहद दुखद और चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहां पनकी थाना क्षेत्र के रतनपुर इलाके में रहने वाली एक होनहार छात्रा ने हाई स्कूल का रिजल्ट आने के अगले ही दिन फांसी लगाकर जान दे दी। इस घटना के बाद पूरे परिवार में मातम पसरा हुआ है। सबसे हैरानी की बात यह है कि छात्रा के 92 प्रतिशत अंक आए थे, फिर भी उसने ऐसा कदम क्यों उठाया, यह सवाल सभी को परेशान कर रहा है।
अच्छे नंबर के बाद भी दुखद अंत
मिली जानकारी के अनुसार, वैशाली सिंह नाम की यह छात्रा अरमापुर स्थित केंद्रीय विद्यालय में दसवीं कक्षा में पढ़ती थी। बुधवार शाम जब सीबीएसई बोर्ड का रिजल्ट आया, तो उसने अपना परिणाम देखा और उसमें उसे 92% अंक मिले। इतने अच्छे नंबर आने पर घरवाले खुश थे और चुपचाप कुछ सेलिब्रेट करने की योजना बना रहे थे। उस समय घर में उसकी मां काजल और भाई प्रिंस मौजूद थे।
मां का कॉल नहीं उठाया
वैशाली की मां काजल ने बताया कि उसके पिता वीरेंद्र सिंह की दो साल पहले ही मौत हो चुकी है। इसके बाद से वह खुद काम करके घर चला रही हैं। गुरुवार शाम करीब साढ़े पांच बजे उन्होंने बेटी को फोन किया, लेकिन वैशाली ने कॉल रिसीव नहीं किया। इसके बाद उन्होंने बेटे प्रिंस को बहन से बात करने के लिए कहा।
कमरे में मिला शव
जब भाई प्रिंस बहन के कमरे में पहुंचा, तो उसने जो देखा, उससे उसके होश उड़ गए। वैशाली का शव कमरे में फंदे से लटका हुआ था। यह खबर मिलते ही घर में खुशियों का माहौल पलभर में मातम में बदल गया। परिवार के लोग पूरी तरह टूट गए हैं।
सुसाइड से पहले भेजा संदेश
भाई प्रिंस ने बताया कि सुसाइड से पहले वैशाली ने अपने कुछ दोस्तों को एक वॉइस मैसेज भेजा था। उसमें उसने कहा था कि वह अंदर से टूट चुकी है और जीना नहीं चाहती। उसे डर था कि मां की मेहनत से पढ़ाई पर खर्च हो रहा पैसा कहीं बेकार न चला जाए। साथ ही उसने पढ़ाई और अच्छे नंबर लाने के दबाव की भी बात कही थी।
मानसिक तनाव में थी छात्रा
प्रिंस के अनुसार, वैशाली पर पढ़ाई का काफी दबाव था। वह अक्सर बताती थी कि कुछ शिक्षक उसे गलत बातें कहते थे और ज्यादा नंबर लाने का दबाव बनाते थे। इसी वजह से वह मानसिक तनाव में रहने लगी थी। उसने घर में भी हंसना-बोलना कम कर दिया था।
पुलिस जांच में जुटी
फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। परिवार और पुलिस दोनों ही यह समझने की कोशिश कर रहे हैं कि आखिर इतनी होनहार छात्रा ने ऐसा कदम क्यों उठाया।
