BRICS Summit Luxury Cars:दिल्ली में 12 सितंबर से होने वाले BRICS सम्मेलन की तैयारियों के बीच लग्जरी कारों की मांग तेजी से बढ़ गई है। विदेशी डेलिगेट्स, VVIP मेहमानों और अधिकारियों की आवाजाही के लिए प्रीमियम गाड़ियों का इस्तेमाल किया जा रहा है।
बड़े अंतरराष्ट्रीय आयोजनों में मेहमानों के लिए सामान्य कारों की जगह प्रीमियम और लग्जरी गाड़ियों को प्राथमिकता दी जाती है। इंडियन टूरिस्ट ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के मुताबिक, ऐसे मौकों पर Mercedes, BMW, Maybach और Toyota Vellfire जैसी गाड़ियों की मांग बढ़ जाती है।
काली गाड़ियों की ज्यादा मांग
इस बार ब्लैक कलर की लग्जरी गाड़ियों की मांग सबसे ज्यादा बताई जा रही है। ब्लैक Maybach, Mercedes, BMW और Toyota Vellfire जैसी कारों को विदेशी मेहमानों और डेलिगेट्स की आवाजाही के लिए पसंद किया जा रहा है। हालांकि, सफेद रंग की प्रीमियम कारों की मांग भी बनी हुई है।
मांग बढ़ने से दिल्ली में उपलब्ध लग्जरी गाड़ियों की संख्या कम पड़ रही है। इसी वजह से दूसरे शहरों और राज्यों से भी प्रीमियम कारों को दिल्ली लाया जा रहा है।
स्पीड का भी रखा ध्यान
इन कारों के चयन में सिर्फ लुक और आराम ही नहीं, बल्कि स्पीड भी अहम भूमिका निभा रही है। ट्रांसपोर्टर्स के मुताबिक, कुछ गाड़ियों में स्पीड लॉक लगा होता है और उनकी अधिकतम रफ्तार करीब 80 किलोमीटर प्रति घंटा तक सीमित रहती है।
ऐसे में लंबे रूट पर तेज आवाजाही की जरूरत होने पर ऐसी गाड़ियों को प्राथमिकता दी जाती है, जो इस जरूरत के मुताबिक हों। यही वजह है कि कुछ प्रीमियम कारें दूसरे शहरों से भी दिल्ली मंगाई जा रही हैं।
ड्राइवरों को विशेष ट्रेनिंग
BRICS जैसे बड़े आयोजन में सिर्फ महंगी और अच्छी कार उपलब्ध कराना पर्याप्त नहीं है। विदेशी मेहमानों और VVIP लोगों के साथ कार में मौजूद शॉफर का व्यवहार और उनका पहनावा भी महत्वपूर्ण होता है।
इसीलिए ड्राइवरों को विशेष ट्रेनिंग दी जाती है। उनकी ड्रेसिंग और व्यवहार पर ध्यान दिया जाता है। साथ ही उन्हें सामान्य अंग्रेजी बातचीत की जानकारी भी होनी चाहिए, ताकि विदेशी मेहमानों के साथ संवाद में परेशानी न हो।
किराया लाखों रुपये तक
BRICS सम्मेलन के दौरान लग्जरी कारों की बढ़ी मांग का असर उनके किराये पर भी पड़ा है। कुछ प्रीमियम गाड़ियों का किराया लाखों रुपये तक पहुंच गया है।
इससे साफ है कि बड़े अंतरराष्ट्रीय आयोजनों का फायदा केवल होटल और इवेंट मैनेजमेंट कारोबार को ही नहीं मिलता। लग्जरी कार रेंटल, प्रीमियम ड्राइवर और शॉफर सर्विस से जुड़े कारोबार को भी ऐसे आयोजनों से बड़ा फायदा होता है।







