Shashwat Acharya Maharaj: सोशल मीडिया की दुनिया में हर दिन कोई न कोई नया चेहरा चर्चा में आ जाता है। कोई अपने टैलेंट से लोगों का दिल जीतता है तो कोई अपने अलग अंदाज से पहचान बना लेता है। इन दिनों वृंदावन के एक युवा महाराज इंटरनेट पर खूब सुर्खियां बटोर रहे हैं। महज 19 साल की उम्र में उनकी लोकप्रियता तेजी से बढ़ रही है। लोग उन्हें प्यार से ‘Gen Z बाबा’ कह रहे हैं।आइए जानते हैं कौन हैं शाश्वत आचार्य महाराज और कैसे शुरू हुआ उनका आध्यात्मिक सफर।
कौन हैं शाश्वत आचार्य महाराज?
श्री स्वामी शाश्वत आचार्य जी महाराज का जन्म 5 अगस्त 2007 को वृंदावन में हुआ था। उनके पिता स्वामी वृंदावन आचार्य जी महाराज भी संत हैं। शाश्वत आचार्य को वृंदावन स्थित श्री धाम गोदा विहार मंदिर का पीठाधीश्वर बताया जाता है।
उनका बचपन धार्मिक माहौल में बीता। घर में भक्ति, पूजा-पाठ और आध्यात्मिक चर्चाओं का वातावरण होने के कारण बचपन से ही उनका झुकाव धार्मिक ग्रंथों, भजन और कीर्तन की ओर रहा। धीरे-धीरे उन्होंने कथा और प्रवचन के क्षेत्र में अपनी पहचान बनानी शुरू कर दी।
महज 4 साल की उम्र में शुरू कर दी थी भागवत कथा
शाश्वत आचार्य महाराज के आध्यात्मिक सफर की सबसे खास बात उनकी कम उम्र है। परिवार की ओर से मिली जानकारी के मुताबिक, जब वह महज चार साल के थे, तभी से उन्हें भगवद्गीता के कई श्लोक याद थे।
इतनी छोटी उम्र में ही उन्होंने व्यासपीठ पर बैठकर धार्मिक कथाएं सुनाना और प्रवचन देना शुरू कर दिया था। समय के साथ उनके बोलने के अंदाज और धार्मिक ज्ञान ने लोगों को प्रभावित किया। धीरे-धीरे उनकी कथाओं में श्रद्धालुओं की दिलचस्पी बढ़ने लगी।
धर्म के साथ कानून की पढ़ाई भी कर रहे हैं
शाश्वत आचार्य महाराज की जिंदगी केवल धार्मिक गतिविधियों तक सीमित नहीं है। वह अपनी पढ़ाई पर भी पूरा ध्यान दे रहे हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, वह मथुरा के गिरिराज महाराज लॉ कॉलेज से बीए-एलएलबी की पढ़ाई कर रहे हैं।
उनके मामा आशुतोष शुक्ला के मुताबिक, फिलहाल वह शिक्षा के साथ दीक्षा से जुड़ी प्रक्रियाएं भी पूरी कर रहे हैं। वह अपने परिवार के साथ वृंदावन में रहते हैं और धार्मिक गतिविधियों में सक्रिय हैं।
अपने लुक और अंदाज से सोशल मीडिया पर छाए ‘Gen Z बाबा’
शाश्वत आचार्य महाराज की लोकप्रियता के पीछे उनकी आध्यात्मिक पहचान के साथ उनका अलग लुक भी चर्चा में है। कंधों तक आने वाले घुंघराले बाल, सफेद कुर्ता और माथे पर वैष्णव तिलक उन्हें एक अलग पहचान देते हैं।
सोशल मीडिया पर कुछ यूजर्स उन्हें ‘Gen Z बाबा’ तो कुछ ‘Facecardaeshwar Guruji’ के नाम से बुला रहे हैं। उनकी तस्वीरों और वीडियो पर लोग खूब प्रतिक्रिया दे रहे हैं। कम उम्र में धार्मिक क्षेत्र में पहचान बनाने और आधुनिक दौर में अपनी अलग छवि पेश करने की वजह से शाश्वत आचार्य महाराज युवाओं के बीच भी चर्चा का विषय बने हुए हैं।























