भारत और रूस के रिश्ते लंबे समय से मजबूत रहे हैं। दोनों देशों के बीच कारोबार से लेकर ऊर्जा और रक्षा तक कई क्षेत्रों में सहयोग लगातार आगे बढ़ा है।
हाल के समय में पश्चिम एशिया का संकट गहराने के बावजूद रूस ने भारत को तेल और फर्टिलाइजर समेत कई जरूरी क्षेत्रों में सहयोग जारी रखा। अब रूस ने भारत को फर्टिलाइजर की सप्लाई और बढ़ाने का फैसला किया है।
रूसी फर्टिलाइजर प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष आंद्रे गुरयेव ने बताया कि रूस ने भारत के लिए खाद की आपूर्ति बढ़ा दी है। इससे भारतीय किसानों के लिए जरूरी फर्टिलाइजर की उपलब्धता बनाए रखने में मदद मिलेगी।
पुतिन ने दिया था भरोसा
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को फर्टिलाइजर की सप्लाई लगातार जारी रखने का भरोसा दिया था। इसी दिशा में इस साल के पहले छह महीनों में रूस से करीब 2.8 मिलियन टन यानी 28 लाख टन फर्टिलाइजर भारत पहुंच चुका है।
आंद्रे गुरयेव रूसी फर्टिलाइजर प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन के प्रमुख होने के साथ-साथ ब्रिक्स बिजनेस काउंसिल के रूसी अध्याय के अध्यक्ष भी हैं। उन्होंने शुक्रवार को दिल्ली में आयोजित ब्रिक्स बिजनेस फोरम के दौरान भारत को फर्टिलाइजर सप्लाई से जुड़ी यह जानकारी दी।
किसानों की जरूरत पूरी करने का निर्देश
गुरयेव ने बताया कि 2024 में कजान में हुए ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान राष्ट्रपति पुतिन ने रूसी फर्टिलाइजर उद्योग को एक खास निर्देश दिया था।
उन्होंने कहा था कि भारतीय किसानों की रूसी फर्टिलाइजर को लेकर जो मांग है, उसे पूरा करने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएं। इसके बाद रूस की ओर से भारत को खाद की आपूर्ति बनाए रखने और उसे बढ़ाने पर जोर दिया गया।
अब इस साल के शुरुआती छह महीनों में ही बड़ी मात्रा में फर्टिलाइजर भारत पहुंच चुका है। रूस की ओर से सप्लाई बढ़ाने का यह फैसला ऐसे समय में अहम माना जा रहा है, जब खेती के लिए खाद की पर्याप्त उपलब्धता किसानों और कृषि क्षेत्र दोनों के लिए बेहद जरूरी है।
भारत के लिए रूस की बढ़ी हुई फर्टिलाइजर सप्लाई दोनों देशों के बीच आर्थिक और कृषि क्षेत्र में सहयोग को भी मजबूत करती है। साथ ही, इससे भारतीय बाजार में जरूरी खाद की उपलब्धता बनाए रखने में मदद मिल सकती है।






