यमन के हूती विद्रोहियों ने सितंबर में सऊदी अरब के कई इलाकों को मिसाइल और ड्रोन हमलों से निशाना बनाया है। 8 सितंबर को हुए हमलों में सऊदी के नागरिक और ऊर्जा ढांचे को नुकसान पहुंचने की खबर सामने आई थी। इन हमलों में 73 लोगों के घायल होने की जानकारी भी सामने आई।
इसके बाद सऊदी अरब ने हूतियों के खिलाफ जवाबी कार्रवाई की चेतावनी दी। 16 सितंबर को सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन ने मक्का के दक्षिण में एक हूती ड्रोन को मार गिराने का दावा किया। सऊदी अधिकारियों ने मक्का की सुरक्षा को बेहद संवेदनशील मुद्दा बताया है।
पाकिस्तान क्यों आया चर्चा में
इस पूरे विवाद में पाकिस्तान की भूमिका इसलिए महत्वपूर्ण हो गई है क्योंकि सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्किये के बीच हाल में संयुक्त रक्षा समझौता हुआ है। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा था कि सऊदी अरब पर बिना उकसावे का हमला या यमन का संघर्ष सऊदी क्षेत्र में फैलने पर समझौता सक्रिय हो सकता है।
इस बयान के बाद यह सवाल उठने लगा कि अगर सऊदी पर हूती हमले जारी रहे तो पाकिस्तान किस तरह अपनी प्रतिबद्धता निभाएगा। हालांकि पाकिस्तान ने अभी हूतियों के खिलाफ सीधे सैन्य अभियान में शामिल होने का फैसला सार्वजनिक रूप से नहीं किया है।
इस्लामाबाद ने दिया समर्थन
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने सऊदी अरब के नागरिक और ऊर्जा प्रतिष्ठानों पर हुए हूती हमलों की कड़ी निंदा की है। उन्होंने सऊदी की संप्रभुता, सुरक्षा और क्षेत्रीय अखंडता के समर्थन की बात कही।
13 सितंबर को शहबाज शरीफ ने सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान से फोन पर बातचीत भी की। पाकिस्तान सरकार के मुताबिक, दोनों नेताओं ने क्षेत्र में तनाव कम करने और शांति के प्रयास जारी रखने पर सहमति जताई।
अर्थव्यवस्था पर भी असर
हूती हमलों का असर केवल सैन्य मोर्चे तक सीमित नहीं है। सऊदी तेल ढांचे और लाल सागर से जुड़े समुद्री मार्गों पर खतरा बढ़ने से वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर दबाव बढ़ सकता है। पाकिस्तान पहले से आर्थिक चुनौतियों से जूझ रहा है, इसलिए तेल की कीमतों और आयात लागत में बढ़ोतरी उसके लिए अतिरिक्त दबाव पैदा कर सकती है।
इसलिए यह कहना ज्यादा सही होगा कि हूतियों ने पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था को सीधे निशाना नहीं बनाया है। लेकिन सऊदी पर बढ़ते हमलों और रक्षा समझौते के कारण पैदा हुआ क्षेत्रीय तनाव पाकिस्तान की सुरक्षा और आर्थिक स्थिति दोनों के लिए चिंता बढ़ा रहा है।









