Prayagraj news:हंसी बदली चीखों में ,गंगा में डुबकी लगाने गए 7 बच्चों में 4 की डूबकर दर्दनाक मौत

प्रयागराज के मांडा क्षेत्र में गंगा घाट पर स्नान के दौरान सात बच्चों में से चार की डूबने से मौत हो गई, जबकि तीन को मछुआरों ने सुरक्षित बचा लिया, जिससे गांव में मातम पसरा है।

: Prayagraj Ganga drowning incident

Prayagraj Ganga drowning incident:प्रयागराज से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। यहां यमुनानगर जोन के मांडा थाना क्षेत्र के बामपुर गांव स्थित गंगा घाट पर शुक्रवार सुबह बड़ा हादसा हो गया। सात बच्चे एक साथ गंगा स्नान करने पहुंचे थे, लेकिन यह खुशी का पल कुछ ही देर में मातम में बदल गया।

अचानक गहराई में जाने से हुआ हादसा

जानकारी के अनुसार, पांच परिवारों के सात बच्चे सुबह करीब 10:30 बजे गंगा घाट पर स्नान करने गए थे। सभी बच्चे एक साथ पानी में उतरे, लेकिन उन्हें अंदाजा नहीं था कि आगे गहराई ज्यादा है। अचानक सभी बच्चे गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे।
बच्चों की चीख-पुकार सुनकर आसपास मौजूद मछुआरे तुरंत मौके पर पहुंचे और राहत-बचाव कार्य शुरू किया।

तीन बच्चों को बचाया गया, चार की गई जान

मछुआरों की मदद से मोहित (13), दिव्यांशु (16) और अमन (9) को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। हालांकि, कुनाल (12), निहाल (10), दीपक (17) और ऋषभ (10) गंगा की तेज धारा में बह गए।
काफी प्रयास के बाद चारों बच्चों के शव बरामद कर लिए गए। इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है।

पुलिस और प्रशासन मौके पर

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंच गई। डीसीपी यमुनानगर जोन विवेक चंद्र यादव ने बताया कि सभी शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
मांडा थाना प्रभारी और स्थानीय पुलिस बल ने गोताखोरों की मदद से राहत कार्य चलाया।

गांव में पसरा मातम

इस हादसे के बाद बामपुर गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। एक साथ चार बच्चों की मौत से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पूरे गांव में सन्नाटा और दुख का माहौल है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने और चेतावनी संकेत लगाने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह के हादसों को रोका जा सके।

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