Sarathi Didi Service: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर प्रदेश में महिलाओं के लिए ‘सारथी दीदी’ सेवा शुरू करने की तैयारी की जा रही है। इस मॉडल के तहत महिला यात्रियों को यात्रा के लिए महिला चालक चुनने का विकल्प मिलेगा। इसका उद्देश्य महिलाओं की यात्रा को सुरक्षित और सुविधाजनक बनाना है।
सुरक्षा पर खास निगरानी
सेवा में महिला यात्रियों की सुरक्षा के लिए कई तकनीकी सुविधाएं शामिल की जाएंगी। वाहन में एसओएस बटन और लाइव लोकेशन ट्रैकिंग की व्यवस्था होगी। 24 घंटे निगरानी भी रखी जाएगी। किसी आपात स्थिति में कंट्रोल रूम पुलिस के साथ तत्काल समन्वय कर सकेगा।
महिलाओं को प्रशिक्षण मिलेगा
सारथी दीदी मॉडल के तहत महिलाओं को ई-रिक्शा, दोपहिया और कैब चलाने का विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। इससे महिलाओं को परिवहन क्षेत्र में काम करने के लिए जरूरी कौशल मिल सकेगा। सेवा का विस्तार शहरों के साथ ग्रामीण क्षेत्रों तक करने की योजना है।
गांवों तक पहुंचेगी सेवा
इस मॉडल को भारत टैक्सी के माध्यम से गांवों तक पहुंचाने की तैयारी है। इसके लिए प्राथमिक कृषि ऋण समितियों यानी पैक्स को भी जोड़ा जाएगा। पैक्स के माध्यम से ग्रामीण इलाकों में राइड-हेलिंग और डिलीवरी सेवाओं का नेटवर्क विकसित करने की योजना है।
बाजार तक आसान पहुंच
ग्रामीण क्षेत्रों में इस सेवा के जरिए गांवों से बाजार, अस्पताल, बस अड्डे, रेलवे स्टेशन और नजदीकी शहरों तक वाहन सुविधा उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। इससे उन लोगों को भी परिवहन का विकल्प मिल सकेगा, जहां नियमित सार्वजनिक परिवहन की सुविधा सीमित है।
रोजगार के अवसर बढ़ेंगे
पैक्स अब तक मुख्य रूप से कृषि और ग्रामीण ऋण से जुड़ी गतिविधियों में सक्रिय रहे हैं। इन्हें राइड-हेलिंग और डिलीवरी सेवाओं से जोड़ने की योजना ग्रामीण परिवहन नेटवर्क को विस्तार देने के साथ डिजिटल सेवाओं को भी बढ़ावा दे सकती है।
सारथी दीदी मॉडल में महिला सुरक्षा, रोजगार, डिजिटल परिवहन और ग्रामीण कनेक्टिविटी को एक साथ जोड़ने की तैयारी है। इससे पढ़ाई, नौकरी या दूसरे जरूरी कामों के लिए अकेले यात्रा करने वाली महिलाओं को महिला चालक का विकल्प मिल सकेगा।









