Uttar Pradesh: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला। रायबरेली में एक सभा को संबोधित करते हुए योगी ने राहुल गांधी के हालिया बयानों को लेकर सवाल उठाए और आरोप लगाया कि उनकी टिप्पणियां भारत की परंपराओं, विरासत और लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करती हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष का पद केवल राजनीतिक नहीं, बल्कि संवैधानिक जिम्मेदारियों से भी जुड़ा है। उनके मुताबिक, राहुल गांधी इस जिम्मेदारी को निभाने में विफल रहे हैं।
मनुस्मृति वाले बयान पर साधा निशाना
योगी आदित्यनाथ ने महाराष्ट्र में राहुल गांधी के हालिया बयान का जिक्र किया। राहुल गांधी ने महिलाओं से मनुस्मृति की कथित बेड़ियों से मुक्त होने का आह्वान किया था।
योगी ने इस बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राहुल गांधी को प्राचीन भारतीय ग्रंथों और परंपराओं को समझने के लिए उनका अध्ययन करना चाहिए। उन्होंने अथर्ववेद, शतपथ ब्राह्मण और मत्स्य पुराण का भी उल्लेख किया।
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी एक तरफ संविधान की रक्षा करने की शपथ लेते हैं, वहीं दूसरी तरफ भारत की परंपराओं और विरासत को बदनाम करने वाले बयान देते हैं।
यूपी और विदेश में दिए बयानों पर भी हमला
मुख्यमंत्री ने राहुल गांधी पर उत्तर प्रदेश और देश के बाहर दिए गए उनके राजनीतिक बयानों को लेकर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी राज्य से बाहर उत्तर प्रदेश की छवि को नुकसान पहुंचाने वाली बातें करते हैं और विदेश में भारत की प्रतिष्ठा को प्रभावित करने वाले बयान देते हैं।
योगी ने आतंकवाद को लेकर राहुल गांधी के बयानों पर भी सवाल उठाए और आरोप लगाया कि इससे देश विरोधी तत्वों को अप्रत्यक्ष रूप से प्रोत्साहन मिलता है।
कांग्रेस और गांधी परिवार पर भी निशाना
योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस पर अयोध्या में भगवान श्रीराम के अस्तित्व को लेकर सवाल उठाने का आरोप लगाया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से जुड़े हालिया विवाद का भी जिक्र किया और कहा कि बाद में संबंधित लोगों ने अपनी टिप्पणी वापस लेते हुए माफी मांगी थी।
उन्होंने अमेठी और रायबरेली का जिक्र करते हुए गांधी परिवार पर भी निशाना साधा। योगी ने आरोप लगाया कि लंबे समय से गांधी परिवार से जुड़े इन क्षेत्रों में लोगों के बीच पहचान का संकट पैदा किया गया।
मुख्यमंत्री ने राहुल गांधी पर ‘अर्बन नक्सलियों’ के प्रभाव में भारत की युवा पीढ़ी के भविष्य को नुकसान पहुंचाने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि देश को नेता प्रतिपक्ष से सकारात्मक और जिम्मेदार राजनीति की उम्मीद थी, लेकिन राहुल गांधी ने यह अवसर गंवा दिया।









