UP Cabinet Decision: उत्तर प्रदेश सरकार ने सरकारी कर्मचारियों के लिए बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई प्रदेश कैबिनेट की बैठक में कई तरह के भत्तों में बढ़ोतरी के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई। इस फैसले के बाद वर्दी भत्ता, वर्दी धुलाई भत्ता, वर्दी नवीनीकरण भत्ता, अवकाश यात्रा सुविधा (एलटीसी) और बच्चों की शिक्षा से जुड़ी सहायता राशि में अधिकतम 50 प्रतिशत तक बढ़ोतरी की जाएगी। सरकार ने मुख्य सचिव समिति की सभी सिफारिशों को लागू करने का फैसला किया है।
इन विभागों के कर्मचारियों को होगा लाभ
इस फैसले का लाभ प्रदेश के कई सरकारी विभागों में काम करने वाले कर्मचारियों और अधिकारियों को मिलेगा। इसमें बेसिक शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा, उच्च शिक्षा, प्राविधिक शिक्षा, व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग के कर्मचारी शामिल हैं। इसके अलावा राज्यपाल सचिवालय, उत्तर प्रदेश विधानसभा सचिवालय और विधान परिषद सचिवालय के कर्मचारियों को भी बढ़े हुए भत्तों का फायदा मिलेगा।
पुलिस समेत कई विभाग शामिल
मुख्य सचिव समिति की सिफारिशों के अनुसार गृह (पुलिस) विभाग के कर्मचारियों के भत्तों में भी बढ़ोतरी की गई है। इसके साथ ही न्याय विभाग के अधीनस्थ न्यायालयों, कारागार प्रशासन एवं सुधार विभाग, वन विभाग, आबकारी विभाग, चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, चिकित्सा शिक्षा विभाग और आयुष विभाग के कर्मचारियों के वर्दी, वर्दी नवीनीकरण और वर्दी धुलाई भत्ते भी बढ़ाए गए हैं।
सरकार पर बढ़ेगा खर्च
सरकार ने फिलहाल इन भत्तों के अलावा किसी अन्य सुविधा में बदलाव नहीं किया है। मुख्य सचिव समिति की सिफारिशें लागू होने के बाद राज्य सरकार पर हर साल करीब 20 करोड़ रुपये का अतिरिक्त खर्च आएगा। इसके बावजूद सरकार का मानना है कि इससे कर्मचारियों को आर्थिक राहत मिलेगी और उनका मनोबल भी बढ़ेगा।
अब कितना मिलेगा भत्ता
नई व्यवस्था के तहत जिन कर्मचारियों को पहले 3,000 रुपये वर्दी भत्ता मिलता था, उन्हें अब 4,500 रुपये मिलेंगे। इसी तरह 6,400 रुपये पाने वाले कर्मचारियों को अब 9,600 रुपये मिलेंगे। वहीं, जिन कर्मचारियों को पहले 7,500 रुपये मिलते थे, उन्हें अब 11,250 रुपये वर्दी भत्ते के रूप में दिए जाएंगे। सरकार का कहना है कि बढ़े हुए भत्तों का लाभ तय नियमों के अनुसार संबंधित कर्मचारियों को मिलेगा।








