Banda Borewell Gas Death:उत्तर प्रदेश के बांदा जिले में बोरवेल की मरम्मत के दौरान हुए हादसे में दो किसानों की मौत हो गई। घटना बिसंडा थाना क्षेत्र के अजीतपारा गांव की है। शुक्रवार को शिव नारायण सिंह के खेत में लगे बोरवेल की मोटर का पंखा खराब हो गया था। उसे ठीक करने के लिए खेत का बटाईदार लालू (40) कुएं में नीचे उतरा था। बताया गया कि चेंबर के पास पहुंचते ही वह अचानक जहरीली गैस की चपेट में आ गया और वहीं बेहोश होकर गिर पड़ा।
बचाने उतरा दूसरा किसान
लालू को कुएं के अंदर बेहोश पड़ा देखकर खेत मालिक कृष्ण कुमार त्रिपाठी (45) उसे बचाने के लिए नीचे उतर गए। हालांकि, अंदर पहुंचते ही वह भी जहरीली गैस की चपेट में आ गए और बेहोश हो गए। कुछ ही देर में दोनों किसानों के कुएं में फंसे होने की जानकारी आसपास मौजूद लोगों को हुई। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और ग्रामीणों ने पुलिस को इसकी सूचना दी।
पुलिस ने चलाया बचाव
सूचना मिलते ही बिसंडा पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया। कुएं के अंदर जहरीली गैस होने की आशंका को देखते हुए ऑक्सीजन की व्यवस्था की गई। इसके बाद सुरक्षा उपायों के साथ एक व्यक्ति को कुएं में उतारा गया। काफी प्रयास के बाद दोनों किसानों को बाहर निकाला गया और तत्काल प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बिसंडा ले जाया गया।
इलाज के दौरान मौत
अस्पताल पहुंचने पर चिकित्सकों ने लालू को मृत घोषित कर दिया। वहीं, कृष्ण कुमार त्रिपाठी की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें वीरांगना रानी दुर्गावती राजकीय मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। मेडिकल कॉलेज में उनका उपचार शुरू किया गया, लेकिन देर शाम इलाज के दौरान उन्होंने भी दम तोड़ दिया। हादसे की खबर गांव में पहुंचते ही परिवारों में मातम छा गया।
पुलिस कार्रवाई जारी
पुलिस क्षेत्राधिकारी बबेरू कृष्णकांत त्रिपाठी ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि दोनों किसानों की मौत जहरीली गैस की चपेट में आने से हुई। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पंचनामा भरने की कार्रवाई शुरू कर दी है। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है। पुलिस का कहना है कि मामले में आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है। हादसे के बाद बोरवेल और कुएं जैसे बंद स्थानों में बिना सुरक्षा इंतजाम प्रवेश करने को लेकर भी सावधानी की जरूरत सामने आई है।










