President Murmu Film Stars:72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंच से मौजूद फिल्मी सितारों और पूरे फिल्म उद्योग को एक अहम संदेश दिया। उन्होंने लोकप्रिय कलाकारों से अपील की कि वे ऐसे उत्पादों का प्रचार न करें, जो लोगों की सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं। राष्ट्रपति ने कहा कि फिल्म कलाकारों का प्रभाव खासकर बच्चों और युवाओं पर बहुत ज्यादा होता है।
युवाओं पर पड़ता असर
राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा कि जब लोकप्रिय कलाकार अनुशासित जीवनशैली के फायदे बताते हैं, तो लाखों बच्चे और युवा उनकी बातों और आदतों को अपनाने की कोशिश करते हैं। इसी वजह से कलाकारों को अपने प्रभाव और जिम्मेदारी को ध्यान में रखते हुए विज्ञापनों का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने साफ कहा कि लोकप्रिय कलाकारों को स्वास्थ्य के लिए हानिकारक पदार्थों का समर्थन नहीं करना चाहिए।
स्टार की बताई पहचान
अपने संबोधन में राष्ट्रपति ने कहा कि असली स्टार वही है, जो समाज में सकारात्मक संदेश फैलाए। उन्होंने फिल्मी सितारों से आग्रह किया कि वे अपनी लोकप्रियता का इस्तेमाल लोगों, खासकर युवाओं के लिए अच्छे उदाहरण पेश करने में करें। उनका यह बयान ऐसे समय आया है, जब फिल्मी सितारों के उत्पादों के विज्ञापनों और उनकी सामाजिक जिम्मेदारी को लेकर चर्चा चल रही है।
पुरस्कार समारोह में सितारे
72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह का आयोजन 22 सितंबर 2026 को गुजरात के एकता नगर, केवड़िया में हुआ। राष्ट्रपति मुर्मू ने इस दौरान अलग-अलग श्रेणियों के विजेताओं को पुरस्कार दिए। कन्नड़ सिनेमा के दिग्गज अभिनेता अनंत नाग को 2024 के लिए दादासाहेब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित किया गया। समारोह में कई बड़े फिल्मी सितारे भी मौजूद रहे।
सिनेमा की तारीफ
राष्ट्रपति ने भारतीय सिनेमा की विविधता और सामाजिक प्रभाव की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि देश के अलग-अलग हिस्सों और भाषाओं में बनने वाली फिल्में भारत के सपनों, परंपराओं, संघर्षों और भविष्य की संभावनाओं को सामने लाती हैं। उन्होंने फिल्म उद्योग के कामकाज में छोटे कलाकारों, सहायकों और अन्य कर्मचारियों को सम्मान तथा सामाजिक सुरक्षा देने की जरूरत पर भी जोर दिया।
फिल्मों का बढ़ता प्रभाव
राष्ट्रपति के मुताबिक, फिल्म कलाकारों की लोकप्रियता उन्हें समाज तक बड़ी संख्या में लोगों तक पहुंचने का अवसर देती है। ऐसे में उनके काम के साथ-साथ विज्ञापनों और सार्वजनिक संदेशों का असर भी व्यापक हो सकता है। उन्होंने फिल्म उद्योग से जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ आगे बढ़ने की अपील की।







