Saturday, June 27, 2026
  • Login
News1India
  • राष्ट्रीय
  • देश
  • विदेश
  • राज्य ▼
    • उत्तर प्रदेश
    • दिल्ली
    • बिहार
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • मध्य प्रदेश
    • पंजाब
  • क्राइम
  • बिजनेस
  • टेक्नोलॉजी
  • धर्म
  • मौसम
  • ऑटो
  • खेल
🔍
Home Latest News

Supreme Court: ‘समाजवाद’ और ‘धर्मनिरपेक्ष’ शब्दों को हटाने की याचिका खारिज

सुप्रीम कोर्ट ने भारतीय संविधान की प्रस्तावना से 'समाजवाद' और 'धर्मनिरपेक्ष' शब्दों को हटाने की मांग वाली याचिका को खारिज कर दिया। कोर्ट ने इस फैसले में संविधान के बुनियादी ढांचे को प्रभावित करने वाली कोई वैधानिकता नहीं पाई।

by Mayank Yadav
November 25, 2024
in Latest News, राष्ट्रीय
Supreme Court
Share on FacebookShare on Twitter

Supreme Court on Constitutional Amendment: आज सुप्रीम कोर्ट ने भारतीय संविधान की प्रस्तावना से ‘समाजवाद’ और ‘धर्मनिरपेक्ष’ शब्दों को हटाने की मांग वाली याचिका को खारिज कर दिया। मुख्य न्यायाधीश संजीव खन्ना की अध्यक्षता में सुनवाई के दौरान कोर्ट ने कहा कि संविधान के इन शब्दों को हटाने से जुड़े सभी कानूनी और संवैधानिक पहलुओं का गहराई से अध्ययन किया गया है, और याचिका में उठाए गए बिंदुओं में कोई वैधानिकता नहीं पाई गई।

याचिका का आधार और तर्क

1976 में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के नेतृत्व में हुए 42वें संविधान संशोधन के तहत ‘समाजवाद’ और ‘धर्मनिरपेक्षता’ को संविधान की प्रस्तावना में शामिल किया गया था। याचिकाकर्ताओं का कहना है कि यह संशोधन संविधान के बुनियादी ढांचे के खिलाफ है। उनका मानना है कि प्रस्तावना का उद्देश्य संविधान के मूल सिद्धांतों को दर्शाना है, और उसमें बदलाव करना संसद के अधिकार क्षेत्र से बाहर है।

RELATED NEWS

Bharat Bhushan Tiwari Encounter Case

Supreme Court: भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले में तत्काल सुनवाई की मांग खारिज, याचिकाकर्ता को रजिस्ट्रार के पास जाने का निर्देश

June 22, 2026
Supreme Court Verdict on SIR: सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर छिड़ी बहस, चुनाव आयोग को मिली बड़ी राहत

Supreme Court Verdict on SIR: सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर छिड़ी बहस, चुनाव आयोग को मिली बड़ी राहत

May 27, 2026

Supreme Court मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि भारत में समाजवाद को एक विशेष संदर्भ में देखा जाता है। इसे एक कल्याणकारी राज्य के रूप में समझा जाता है, जो समाज के कमजोर वर्गों की सुरक्षा और अवसरों की समानता सुनिश्चित करता है। हालांकि, कोर्ट यह भी मानता है कि निजी क्षेत्र का विकास भी देश की अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण है।

Supreme Court का नजरिया

सुनवाई के दौरान, मुख्य न्यायाधीश ने इस मुद्दे को संवैधानिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि समाजवाद और धर्मनिरपेक्षता जैसे शब्द प्रस्तावना के जरिए देश के स्वरूप को परिभाषित करते हैं। उन्होंने कहा, “हमने कई संशोधनों को खारिज किया है, लेकिन समाजवाद और धर्मनिरपेक्षता जैसे शब्द कल्याणकारी राज्य और समानता के मूलभूत सिद्धांतों से जुड़े हैं।”

संभावित परिणाम

अगर Supreme Court इन शब्दों को हटाने की मंजूरी देता है, तो यह भारतीय राजनीति और संविधान के इतिहास में एक बड़ा मोड़ होगा। यह फैसला देश की लोकतांत्रिक और धर्मनिरपेक्ष छवि पर गहरा प्रभाव डाल सकता है। वहीं, अगर कोर्ट याचिका को खारिज करता है, तो यह 42वें संशोधन को संविधान के बुनियादी ढांचे के रूप में पुनः पुष्टि देगा।

आज का फैसला भारत के संवैधानिक इतिहास में एक मील का पत्थर साबित हो सकता है। अब सभी की नजरें सुप्रीम कोर्ट पर टिकी हैं।

यहां पढ़ें: Etah Dargah land dispute: पथराव, तोड़फोड़ और पुलिस की कड़ी कार्रवाई, साम्प्रदायिकता का बढ़ता प्रभाव
Tags: constitutionSecularismSocialismSupreme Court
Share197Tweet123Share49

Mayank Yadav

Related Posts

Bharat Bhushan Tiwari Encounter Case

Supreme Court: भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले में तत्काल सुनवाई की मांग खारिज, याचिकाकर्ता को रजिस्ट्रार के पास जाने का निर्देश

by SYED BUSHRA
June 22, 2026

Bharat Bhushan Tiwari Encounter Case: भोजपुर के चर्चित भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले में सुप्रीम कोर्ट से तत्काल सुनवाई की...

Supreme Court Verdict on SIR: सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर छिड़ी बहस, चुनाव आयोग को मिली बड़ी राहत

Supreme Court Verdict on SIR: सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर छिड़ी बहस, चुनाव आयोग को मिली बड़ी राहत

by Kirtika Tyagi
May 27, 2026

सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव आयोग की एसआईआर प्रक्रिया चलाने की शक्ति को सही ठहराते हुए बड़ा फैसला सुनाया है। अदालत...

Freebies: किसने कहा रोजगार पर दें ध्यान, चुनाव से पहले की मुफ्त योजनाओं पर उठाए सवाल, हुआ सख्त

Freebies: किसने कहा रोजगार पर दें ध्यान, चुनाव से पहले की मुफ्त योजनाओं पर उठाए सवाल, हुआ सख्त

by SYED BUSHRA
February 19, 2026

Supreme Court of India ने चुनाव से पहले बांटी जा रही मुफ्त सुविधाओं यानी फ्रीबीज पर कड़ी नाराजगी जताई है।...

CJI ने किसको कहा, संविधान नहीं मान सकते तो भारत छोड़िए, संविधान और नागरिकों की निजता पर दिया कड़ा संदेश

CJI ने किसको कहा, संविधान नहीं मान सकते तो भारत छोड़िए, संविधान और नागरिकों की निजता पर दिया कड़ा संदेश

by SYED BUSHRA
February 3, 2026

Supreme Court on WhatsApp Privacy: व्हाट्सऐप की प्राइवेसी पॉलिसी को लेकर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान मुख्य न्यायाधीश (CJI)...

कौन है जस्टिस सूर्यकांत, जो बने भारत के 53वें CJI , धारा 370 और वन रैंक-वन पेंशन समेत सुना चुके हैं ये 11 अहम फैसले

कौन है जस्टिस सूर्यकांत, जो बने भारत के 53वें CJI , धारा 370 और वन रैंक-वन पेंशन समेत सुना चुके हैं ये 11 अहम फैसले

by Vinod
November 24, 2025

नई दिल्ली ऑनलाइन डेस्क। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने हरियाणा के एक छोटे से शहर हिसार में जन्में जस्टिस सूर्यकांत को...

Next Post
IPL Mega Auction 2025 : 27 करोड़ में ऋषभ पंत की नीलामी के बाद… आई कालीन भैया की याद, सोशल मीडिया पर वायरल हुआ मीम

IPL Mega Auction 2025 : 27 करोड़ में ऋषभ पंत की नीलामी के बाद... आई कालीन भैया की याद, सोशल मीडिया पर वायरल हुआ मीम

Pushpa 2

Pushpa 2 : पुष्पा 2 का नया गाना हुआ रिलीज, अल्लू अर्जुन और श्रीलीला ने मचाया तहलका

News1India

Copyright © 2025 New1India

Navigate Site

  • About us
  • Privacy Policy
  • Contact

Follow Us

No Result
View All Result
  • राष्ट्रीय
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • दिल्ली
    • बिहार
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • मध्य प्रदेश
    • पंजाब
  • क्राइम
  • बिजनेस
  • टेक्नोलॉजी
  • धर्म
  • मौसम
  • ऑटो
  • खेल

Copyright © 2025 New1India

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In

Add New Playlist