UP Youth Financial Education : उत्तर प्रदेश सरकार अब सिर्फ युवाओं को हुनर सिखाकर रोजगार दिलाने तक सीमित नहीं रहना चाहती। सरकार का लक्ष्य युवाओं को आर्थिक रूप से मजबूत, जागरूक और भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार नागरिक बनाना भी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के इसी विजन को आगे बढ़ाते हुए उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन (यूपीएसडीएम) ने एक नई पहल शुरू की है।
एनएसई के साथ हुआ महत्वपूर्ण समझौता
इसी दिशा में शुक्रवार को उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) के बीच एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। मिशन निदेशक पुलकित खरे की पहल पर पहली बार कौशल प्रशिक्षण के साथ वित्तीय शिक्षा को भी जोड़ा जा रहा है। इस कदम का उद्देश्य युवाओं को सिर्फ नौकरी के लिए तैयार करना नहीं, बल्कि उन्हें पैसों से जुड़े सही फैसले लेने के लिए भी सक्षम बनाना है।
डेढ़ लाख से अधिक युवाओं को मिलेगा लाभ
इस नई साझेदारी के तहत यूपीएसडीएम और दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल्य योजना (डीडीयू-जीकेवाई) के अंतर्गत प्रदेश के एक हजार से अधिक प्रशिक्षण केंद्रों में पढ़ाई कर रहे डेढ़ लाख से ज्यादा युवाओं को वित्तीय कौशल की विशेष ट्रेनिंग दी जाएगी। यह प्रशिक्षण अगले सप्ताह से शुरू होगा और इसमें युवाओं को धन प्रबंधन, बचत, निवेश तथा वित्तीय सुरक्षा से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दी जाएंगी।
वित्तीय जागरूकता पर आयोजित हुई कार्यशाला
एमओयू से पहले मिशन मुख्यालय के सभागार में ‘फाइनेंशियल लिटरेसी एंड अवेयरनेस वर्कशॉप’ का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को वित्तीय जागरूकता और सही आर्थिक निर्णय लेने के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। कार्यशाला में मिशन निदेशक पुलकित खरे भी मौजूद रहे और उन्होंने वित्तीय शिक्षा की जरूरत पर विस्तार से चर्चा की।
ऑनलाइन ठगी से बचाव की भी मिलेगी जानकारी
मिशन निदेशक ने कहा कि आज के समय में ऑनलाइन धोखाधड़ी, फर्जी निवेश योजनाओं और आर्थिक असुरक्षा जैसी समस्याएं तेजी से बढ़ रही हैं। ऐसे में युवाओं के लिए वित्तीय शिक्षा बेहद जरूरी हो गई है। उन्होंने बताया कि कई बार जानकारी की कमी के कारण लोग ठगी का शिकार हो जाते हैं। इसलिए प्रशिक्षण के दौरान युवाओं को सुरक्षित निवेश, डिजिटल भुगतान, बैंकिंग सेवाओं और वित्तीय जोखिमों से बचने के तरीकों के बारे में भी बताया जाएगा।
भविष्य के लिए तैयार होंगे युवा
सरकार का मानना है कि तकनीकी और व्यावसायिक कौशल के साथ वित्तीय समझ भी उतनी ही जरूरी है। इस पहल से युवाओं में आर्थिक अनुशासन बढ़ेगा और वे अपने भविष्य की बेहतर योजना बना सकेंगे। साथ ही वे रोजगार मिलने के बाद अपनी आय का सही प्रबंधन करने में भी सक्षम बनेंगे।


