सपा प्रमुख अखिलेश यादव के सौतेले भाई और भाजपा नेता अपर्णा यादव के पति प्रतीक यादव के निधन के बाद हर कोई सदमे में है। 38 साल की उम्र में उनके अचानक चले जाने से परिवार और समर्थकों के बीच दुख का माहौल बना हुआ है।
इसी बीच अब उनकी कथित वसीयत को लेकर नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं। मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि प्रतीक यादव ने काफी पहले अपनी संपत्ति अपनी दोनों बेटियों के नाम कर दी थी। वहीं उनकी पत्नी अपर्णा यादव का कथित वसीयत में जिक्र नहीं होने की बात भी कही जा रही है।
बेटियों के नाम बताई गई संपत्ति
रिपोर्ट्स के अनुसार, कथित वसीयत में लिखा गया है कि प्रतीक यादव की पूरी संपत्ति सिर्फ उनकी दोनों बेटियों को दी जाएगी। साथ ही यह भी दावा किया गया है कि बड़ी बेटी को 25 से 27 साल की उम्र पूरी होने के बाद ही संपत्ति बेचने या इस्तेमाल करने का अधिकार मिलेगा। हालांकि अब तक इस वसीयत की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। परिवार की तरफ से भी इस मामले पर कोई बयान सामने नहीं आया है।
रिश्तों को लेकर फिर उठे सवाल
कथित वसीयत की खबर सामने आने के बाद एक बार फिर प्रतीक यादव और अपर्णा यादव के रिश्तों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। लोग सवाल कर रहे हैं कि अगर सबकुछ ठीक था तो फिर पत्नी को वसीयत में हिस्सा क्यों नहीं दिया गया। कुछ लोग यह भी मान रहे हैं कि हो सकता है प्रतीक यादव ने अपनी बेटियों का भविष्य सुरक्षित करने के लिए ऐसा फैसला लिया हो। हालांकि सच क्या है, इसे लेकर अभी तक कोई साफ जानकारी सामने नहीं आई है।
जनवरी में सामने आया था विवाद
दरअसल, इसी साल जनवरी में भी प्रतीक यादव और अपर्णा यादव के रिश्तों में तनाव की खबरें सामने आई थीं। सोशल मीडिया पर प्रतीक यादव की तरफ से कुछ पोस्ट शेयर की गई थीं, जिनमें उन्होंने नाराजगी जाहिर की थी। एक पोस्ट में उन्होंने अपर्णा यादव को “फैमिली डेस्ट्रॉयर” तक कहा था। उन्होंने लिखा था कि उनका घर टूट गया है और वह तलाक लेने की सोच रहे हैं। इन पोस्ट्स के बाद सोशल मीडिया पर काफी चर्चा हुई थी।
हालांकि दो दिन बाद ही प्रतीक यादव ने एक वीडियो जारी कर कहा था कि उनके और अपर्णा यादव के बीच का विवाद खत्म हो गया है और अब सबकुछ ठीक है।
संपत्ति को लेकर भी चर्चा तेज
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, प्रतीक यादव की निजी संपत्ति करीब 5.5 करोड़ से 7 करोड़ रुपये के बीच बताई जाती है। उनका कारोबार रियल एस्टेट और फिटनेस सेक्टर से जुड़ा था।
रिपोर्ट्स में यह भी कहा गया है कि उनके पास करोड़ों रुपये की लग्जरी कारें थीं। वहीं अपर्णा यादव के चुनावी हलफनामे के अनुसार, दोनों की कुल घोषित संपत्ति करीब 23 करोड़ रुपये बताई गई थी।
परिवार की ओर से नहीं आया बयान
फिलहाल इस पूरे मामले पर यादव परिवार की तरफ से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। कथित वसीयत को लेकर भी अभी तक सार्वजनिक रूप से पुष्टि नहीं की गई है। ऐसे में सोशल मीडिया और राजनीतिक गलियारों में कई तरह की चर्चाएं जरूर चल रही हैं।








